Blog

  • साइबर अपराधियों पर कड़ा प्रहार, फुरसोडीह गांव से तीन गिरफ्तार

    मनमोहन की रिपोर्ट………..

    गिरिडीह पुलिस साइबर अपराध के खिलाफ लगातार मोर्चा खोले हुए है, और एक बार फिर इस मुहिम में बड़ी सफलता मिली है। बेंगाबाद थाना क्षेत्र के फुरसोडीह गांव में प्रतीबिंब पोर्टल के माध्यम से मिली सूचना पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने तीन कुख्यात साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।

    गिरफ्तार अपराधियों में अदालत अंसारी, समीर अंसारी उर्फ इसाक अंसारी और समसुद अंसारी शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से चार मोबाइल फोन और पांच सिमकार्ड बरामद किए हैं। गिरिडीह एसपी डॉ. बिमल कुमार ने मीडिया को र इस पूरे ऑपरेशन की जानकारी दी।

    गर्भवती महिलाओं को बनाते थे शिकार।

    गिरफ्तार अपराधियों से पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। ये गिरोह गर्भवती महिलाओं को मातृत्व राशि दिलाने के नाम पर ठगी करता था। इतना ही नहीं, एयरटेल पेमेंट बैंक का अधिकारी बनकर लोगों से ठगी करना भी इनका तरीका था।

    छापेमारी टीम में कौन-कौन थे शामिल?

    इस सफल ऑपरेशन में साइबर डीएसपी आबिद खान, विजय कुमार (साइबर थाना प्रभारी), पुनित कुमार गौतम, गुंजन कुमार, गजेन्द्र कुमार, सोनू कुमार नाग, मो. फिरोज आलम समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे।

    गिरिडीह पुलिस की इस कार्रवाई ने एक बार फिर साइबर अपराधियों के मंसूबों पर पानी फेर दिया है। यह अभियान आगे भी जारी रहेगा!

  • कबीर ज्ञान मंदिर में शुरू होगा सद्गुरु विवेक साहब निर्वाण महोत्सव, श्रद्धालुओं का उमड़ेगा जनसैलाब

    By Chandan Pandey

    गिरिडीह के पावन धरा पर एक बार फिर आध्यात्मिक आस्था का सैलाब उमड़ने वाला है। श्री कबीर ज्ञान मंदिर में सद्गुरु विवेक साहब निर्वाण महोत्सव का भव्य दो दिवसीय आयोजन गुरुवार से प्रारंभ हो रहा है। श्रद्धालु संत कबीर साहब के साखी पाठ के साथ इस महोत्सव का शुभारंभ करेंगे।

    महोत्सव का प्रमुख आकर्षण सद्गुरु मां का दिव्य उद्बोधन होगा, जो भक्तों को अध्यात्म और भक्ति की नई ऊंचाइयों तक ले जाने का कार्य करेगा। इसके साथ ही ‘जागो हिंदू जागो’ नामक नाट्य मंचन भी होगा, जो उपस्थित श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर देगा।

    इस आयोजन में गिरिडीह, झारखंड, बिहार सहित अन्य राज्यों से श्रद्धालुओं के बड़ी संख्या में आने की संभावना जताई जा रही है। मंदिर को भव्य रूप से सजाया गया है, जिससे पूरा परिसर एक अद्भुत दिव्यता का अनुभव करा रहा है।

    ब्रह्मलीन संत विवेक साहब: एक दिव्य संत

    सद्गुरु विवेक साहब महाराज पूर्ण आत्मज्ञानी, त्रिकालदर्शी और दिव्यद्रष्टा संत थे। उनके हृदय में समस्त मानवता के लिए प्रेम और करुणा का भाव था। भक्तों के बीच वे ‘सरकार प्रभु’ के नाम से प्रसिद्ध थे। वर्ष 2000 में उन्होंने गिरिडीह में अपने शरीर का त्याग किया था।

    उनकी समाधि श्री कबीर ज्ञान मंदिर प्रांगण में स्थित है, जहां हर वर्ष निर्वाण तिथि—माघ शुक्ल पक्ष द्वितीया के दिन श्रद्धालु श्रद्धा सुमन अर्पित करने के लिए एकत्रित होते हैं।

    इस बार भी श्रद्धा, भक्ति और दिव्यता का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा!

  • सुप्रीम कोर्ट का अहम निर्णय: केवल JTET उत्तीर्ण उम्मीदवार ही बन सकेंगे सहायक शिक्षक

    सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: सहायक शिक्षक भर्ती में केवल JTET पास अभ्यर्थियों को मिलेगा मौका

    सुप्रीम कोर्ट ने सहायक शिक्षक नियुक्ति को लेकर अहम फैसला सुनाया है। गुरुवार को अदालत ने स्पष्ट कर दिया कि भर्ती प्रक्रिया में केवल JTET उत्तीर्ण अभ्यर्थी ही शामिल हो सकते हैं, जबकि CTET पास उम्मीदवारों को इसमें अवसर नहीं मिलेगा। इस फैसले से JTET पास उम्मीदवारों को राहत मिली है, जबकि CTET अभ्यर्थियों के लिए यह एक बड़ा झटका साबित हुआ है।

    झारखंड हाईकोर्ट के आदेश को दी गई थी चुनौती

    दरअसल, झारखंड हाईकोर्ट ने अपने फैसले में CTET पास अभ्यर्थियों को भी सहायक शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में शामिल करने का निर्देश दिया था। इस निर्णय को चुनौती देते हुए JTET अभ्यर्थियों ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। मामले की सुनवाई पूरी होने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था, जिसे अब घोषित कर दिया गया है।

    सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के अनुसार, अब झारखंड में सहायक शिक्षक की भर्ती प्रक्रिया में केवल JTET पास अभ्यर्थी ही शामिल हो सकेंगे। इस केस में अभ्यर्थियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गोपाल शंकर नारायणन और अधिवक्ता अमृतांश वत्स ने पैरवी की, जबकि मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति जेके महेश्वरी और न्यायमूर्ति राजेश बिंदल की खंडपीठ ने की।

  • स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत आउटसोर्सिंग कर्मियों ने सदर अस्पताल के समक्ष किया धरना प्रदर्शन

    चंदन पांडे की रिपोर्ट ………

    गिरिडीह: झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के बैनर तले बुधवार को स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत आउटसोर्सिंग कर्मियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर सदर अस्पताल के समक्ष धरना प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन की अगुवाई JLKM के जिला अध्यक्ष सलमान अंसारी ने की।

    धरना दे रहे कर्मियों का आरोप है कि जिला स्वास्थ्य विभाग, गिरिडीह में आउटसोर्सिंग कर्मियों के मासिक मानदेय और EPF में गड़बड़ी की जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि सभी कर्मियों को उनके बढ़े हुए मानदेय के अनुरूप भुगतान किया जाए, EPF और ESI कार्ड उपलब्ध कराया जाए, हर माह सैलरी स्लिप दी जाए, और जिन कंप्यूटर ऑपरेटरों को हटाकर एमएसडब्ल्यू बना दिया गया है, उन्हें पुनः उनके पद पर बहाल किया जाए। साथ ही, कर्मचारियों ने शिकायत की कि यदि वे अपनी समस्याओं पर सवाल उठाते हैं तो कंपनी के सुपरवाइजर उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी देते हैं।

    659 कर्मियों को नहीं मिल रहा पूरा वेतन!

    बताया गया कि जिला स्वास्थ्य विभाग में बालाजी डिटेक्टिव फोर्स प्राइवेट लिमिटेड और शिवाजी डिटेक्टिव फोर्स प्राइवेट लिमिटेड के अंतर्गत लगभग 659 कर्मी कार्यरत हैं। लेकिन इन कंपनियों द्वारा मासिक मानदेय में कटौती की जा रही है, और तय राशि के अनुरूप वेतन का भुगतान नहीं किया जा रहा। EPF में भी भारी गड़बड़ी की शिकायतें सामने आई हैं।

    कर्मचारियों ने JLKM के नेतृत्व में सिविल सर्जन से इन सभी अनियमितताओं को दूर करने की मांग की। इस धरना प्रदर्शन में JLKM के केंद्रीय सचिव नागेंद्र चंद्रवंशी, केंद्रीय महामंत्री रॉकी शेख, वरिष्ठ उपाध्यक्ष जिशान अहमद, दिग्विजय सिंह, आकाश विश्वकर्मा, अर्जुन पंडित, ताज हुसैन, मिहिर चंद्रवंशी, नूर हसन, इमरान अंसारी समेत कई अन्य कर्मचारी शामिल रहे।

  • हेमंत सरकार ने बिजली विभाग में भर्ती प्रक्रिया शुरू की, विभिन्न पदों के लिए जारी किया विज्ञापन

    झारखंड हाईकोर्ट ने ऊर्जा विभाग में नियुक्तियों पर सुनवाई की, सरकार को दिया निर्देश

    झारखंड हाईकोर्ट की खंडपीठ, जिसमें मुख्य न्यायाधीश एमएस रामचंद्र राव और जस्टिस दीपक रोशन शामिल हैं, ने बुधवार को ऊर्जा विभाग के निगमों में प्रबंध निदेशक (MD) सहित अन्य रिक्त पदों पर नियमित नियुक्तियों को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई की।

    सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से अदालत को जानकारी दी गई कि रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और इसके लिए विज्ञापन भी जारी किया जा चुका है। इस पर अदालत ने सरकार के बयान को रिकॉर्ड में लेते हुए निर्देश दिया कि नियुक्ति प्रक्रिया पूरी होने के बाद इस संबंध में कोर्ट को सूचित किया जाए। मामले की अगली सुनवाई जून में होगी।

    राजनीतिक हस्तक्षेप का आरोप

    यह जनहित याचिका राजेश कुमार सिंह द्वारा दायर की गई थी, जिसमें आरोप लगाया गया कि बिजली निगम में प्रबंधन के उच्च पदों पर सेवानिवृत्त अधिकारियों या आईएएस अधिकारियों की नियुक्ति की जा रही है, जबकि इलेक्ट्रिसिटी एक्ट 2003 के अनुसार इन पदों पर योग्य और विशेषज्ञ लोगों की नियुक्ति होनी चाहिए। याचिकाकर्ता ने दलील दी कि राजनीतिक आधार पर की जा रही इन नियुक्तियों के कारण राज्य की बिजली व्यवस्था प्रभावित हो रही है।

    बिजली विभाग ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर

    इसी बीच, झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (JBVNL) ने उपभोक्ताओं से अपने घरों में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगवाने की अपील की है। इसके लिए हेल्पलाइन नंबर 1912 जारी किया गया है, जहां उपभोक्ता संपर्क कर स्मार्ट मीटर से जुड़ी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

    अब सबकी निगाहें जून में होने वाली अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जहां यह देखा जाएगा कि सरकार नियुक्तियों को लेकर क्या कदम उठाती है और अदालत इससे कितनी संतुष्ट होती है।

  • झारखंड में सादा पान मसाला पर लगेगा प्रतिबंध, स्वास्थ्य मंत्री ने की सख्त घोषणा

    रांची: झारखंड में अब सादा पान मसाला की बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगेगा। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के राज्यस्तरीय ओरिएंटेशन कार्यक्रम में यह बड़ा ऐलान किया। उन्होंने साफ कहा कि गुटखा के नाम पर बिक रहे सादा पान मसाला पर पूरी तरह से रोक लगाई जाएगी और नशीली दवाओं की बढ़ती बिक्री पर भी सख्त कार्रवाई होगी।

    ‘सादा पान मसाला के नाम पर हो रही है गुटखा की बिक्री’

    मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने बैठक के दौरान स्पष्ट किया कि झारखंड में गुटखा और तंबाकू उत्पादों के सेवन से युवा शारीरिक और मानसिक रूप से कमजोर हो रहे हैं। उन्होंने कहा—
    “हमारी सरकार किसी भी सूरत में यह बर्दाश्त नहीं करेगी कि राज्य का युवा नशे की गिरफ्त में जाए।”

    उन्होंने अधिकारियों को दवा दुकानों की तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। मंत्री ने कहा कि कई मेडिकल स्टोर्स में नशीले सिरप और स्टेरॉयड खुलेआम बेचे जा रहे हैं, जिससे युवा पीढ़ी गलत रास्ते पर जा रही है।

    सिविल सर्जनों और ड्रग इंस्पेक्टरों को सख्त चेतावनी!

    स्वास्थ्य मंत्री ने सभी सिविल सर्जनों और ड्रग इंस्पेक्टरों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा—
    “अगर आपके इलाके में प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बिक्री पाई गई, तो सिर्फ दुकानदार नहीं, बल्कि आप भी कार्रवाई के दायरे में आएंगे!”

    उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि यदि किसी मेडिकल स्टोर में प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री पाई जाती है, तो तत्काल दुकान को सील कर कानूनी कार्रवाई की जाए।

    ‘स्वस्थ झारखंड, नशामुक्त झारखंड’ का लक्ष्य.

    स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि झारखंड सरकार पूरे राज्य में इस अभियान को लागू करेगी और किसी भी हालत में गुटखा, नशीले पदार्थों और स्वास्थ्य के लिए हानिकारक उत्पादों की बिक्री बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

    उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं को नशे से बचाने के लिए और भी सख्त कदम उठाने जा रही है ताकि स्वस्थ झारखंड, नशामुक्त झारखंड का सपना साकार हो सके।

    ‘मैं खुद डॉक्टर हूं, सही-गलत अच्छी तरह जानता हूं’

    बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने साफ कहा—
    “मैं खुद डॉक्टर हूं, सही-गलत अच्छी तरह जानता हूं। मेरी जिम्मेदारी है कि झारखंड में ऐसे अवैध कार्यों को जड़ से खत्म करूं।”

    उन्होंने सभी जिलों के सिविल सर्जनों को निर्देश दिया कि वे अपने जिलों में मेडिकल स्टोर्स की जांच कर नशीली दवाओं की बिक्री पर पूरी तरह रोक लगाएं।

    अब देखना यह होगा कि क्या यह फैसला केवल घोषणा बनकर रह जाएगा, या झारखंड में सच में नशे के खिलाफ कड़े कदम उठाए जाएंगे?

  • मंईयां सम्मान योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा ! एक ही खाते से 95 बार किया गया आवेदन

    बोकारो:हेमंत सरकार की बहुचर्चित “मंईयां सम्मान योजना” को लेकर एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। बोकारो डीसी विजया जाधव के निर्देश पर सामाजिक सुरक्षा विभाग द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन में पता चला है कि एक ही बैंक खाते का इस्तेमाल कर 95 अलग-अलग नामों से आवेदन किया गया था!

    सबसे बड़ा झटका यह है कि ये सारे फर्जीवाड़े अलग-अलग प्रखंडों से किए गए, जिसमें से 67 आवेदन चास प्रखंड और चास नगर निगम क्षेत्र से जबकि 28 आवेदन गोमिया प्रखंड से किए गए थे। और हैरान करने वाली बात यह है कि सभी बैंक खाते इंडसइंड बैंक में ही खुले थे!

    पर्दाफाश: फर्जीवाड़े का मास्टरमाइंड कौन?

    जांच में यह सामने आया कि इन 95 फर्जी आवेदनों को पलामू जिले के मेदनीनगर स्थित एक प्रज्ञा केंद्र संचालक सुमीत कुमार के आईडी (542316220013) के जरिए किया गया था। यानी, पूरी साजिश एक ही व्यक्ति द्वारा सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई थी।

    राशन कार्ड नंबर भी निकला फर्जी!

    सत्यापन के दौरान यह भी सामने आया कि बैंक खाता संख्या 100253387047, जो कि पश्चिम बंगाल के उत्तर दिनाजपुर के यूसुफ नामक व्यक्ति के नाम पर है, उसका इस्तेमाल 95 बार अलग-अलग नामों से योजना का लाभ लेने के लिए किया गया।

    इतना ही नहीं, फर्जीवाड़ा यहीं खत्म नहीं हुआ—इस व्यक्ति के नाम पर दर्ज राशन कार्ड नंबर भी फर्जी पाया गया। जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने इस बात की पुष्टि कर दी है।

    डीसी ने दिए सख्त निर्देश: होगा मामला दर्ज!

    जैसे ही इस बड़े घोटाले का पर्दाफाश हुआ, बोकारो डीसी विजया जाधव ने तत्काल खाता धारक के खिलाफ मामला दर्ज करने का आदेश दिया। उन्होंने साफ कर दिया है कि सरकार की योजनाओं में किसी भी तरह की धांधली बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।

    अब सवाल उठता है—कैसे हुआ इतना बड़ा फर्जीवाड़ा?

    1. बैंक और प्रशासन की अनदेखी:
      • आखिर कैसे एक ही बैंक खाते का इस्तेमाल 95 बार अलग-अलग नामों से किया गया और बैंक को भनक तक नहीं लगी?
      • इंडसइंड बैंक से इतनी बड़ी चूक कैसे हो गई?
    2. प्रज्ञा केंद्र की भूमिका संदिग्ध:
      • सुमीत कुमार जैसे लोग कैसे सरकारी योजनाओं का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं?
      • क्या सिर्फ एक प्रज्ञा केंद्र संचालक इस फर्जीवाड़े के पीछे है या फिर बड़ी साजिश का हिस्सा है?
    3. योजना की निगरानी में चूक:
      • भौतिक सत्यापन में इतनी बड़ी गड़बड़ी सामने आने के बाद, क्या अब प्रशासन और सरकार इस योजना की निगरानी और कड़ी करेगी?
      • मंईयां सम्मान योजना को लेकर सरकार का दावा था कि यह महिलाओं के लिए एक बड़ी सौगात है, लेकिन इस खुलासे ने यह भी दिखाया कि कैसे सिस्टम की कमजोरियों का फायदा उठाकर लोग सरकारी योजनाओं का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं।

    अब देखने वाली बात यह होगी कि बोकारो प्रशासन इस मामले में आगे क्या कार्रवाई करता है और क्या सिर्फ छोटे स्तर पर कार्रवाई होगी या फिर इस गड़बड़ी की जड़ तक पहुंचा जाएगा?

     

  • झारखंड की बेटियों को मिला अपना आशियाना, सीएम हेमंत सोरेन ने निभाया वादा

    परवेज़ आलम की रिपोर्ट ………………

    झारखंड की धरती से निकलीं, अपने हुनर से देश और दुनिया में नाम रौशन करने वाली हॉकी स्टार सलीमा टेटे और निक्की प्रधान को आखिरकार वह सौगात मिल गई, जिसका उन्हें वर्षों से इंतजार था। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मंगलवार को इन दोनों ओलंपियन खिलाड़ियों को रांची के हरमू आवासीय कॉलोनी में 3750 वर्ग फीट के भूखंड आवंटन के कागजात सौंपे। इसके साथ ही सरकार ने यह भी घोषणा की कि दोनों खिलाड़ियों को अपने घर के निर्माण के लिए 35-35 लाख रुपये भी दिए जाएंगे। इस मौके पर पर्यटन, कला-संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य मंत्री सुदिव्य कुमार भी उपस्थित थे ।

    झारखंड की बेटियों का सपना हुआ साकार।

    राज्य सरकार के इस फैसले के बाद सलीमा और निक्की का रांची में अपने घर का सपना अब हकीकत बनने जा रहा है। मुख्यमंत्री ने हरमू आवासीय कॉलोनी के प्लॉट नंबर 10 (ए) और 10 (बी) में इन दोनों खिलाड़ियों को जमीन देने की घोषणा की। यह वही वादा था जो हेमंत सोरेन ने 2021 में किया था, जब निक्की प्रधान टोक्यो ओलंपिक में हिस्सा लेकर लौटी थीं।

    कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा, “आज का दिन सिर्फ सलीमा और निक्की के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे झारखंड के लिए गर्व का दिन है। ये बेटियां राज्य की असली धरोहर हैं। इन्होंने साबित कर दिया कि अगर हौसला हो, तो झारखंड जैसी पिछड़ी समझी जाने वाली भूमि से भी वर्ल्ड क्लास खिलाड़ी निकल सकते हैं।”

    संघर्ष से सफलता तक की कहानी॰

    इस मौके पर एक ऑडियो-विजुअल प्रस्तुति भी दिखाई गई, जिसमें सलीमा और निक्की की संघर्ष से सफलता तक की यात्रा को दिखाया गया। मुख्यमंत्री ने कहा, “जब मैं पहली बार इनके गांव गया था, तब इनके हालात देखे थे। उस दिन तय कर लिया था कि इन बेटियों को घर दूंगा। सरकार सिर्फ वादे नहीं करती, बल्कि उन्हें पूरा भी करती है।”

    सलीमा-निक्की ने जताया आभार.

    अपना सपना साकार होता देख सलीमा टेटे और निक्की प्रधान की खुशी का ठिकाना नहीं था। सलीमा ने कहा, “जब आप दिल से मेहनत करते हैं, तो मंजिल जरूर मिलती है।” वहीं, निक्की प्रधान ने मुख्यमंत्री का धन्यवाद करते हुए कहा, “आज हमारा सपना पूरा हो गया। 2021 में जब मुख्यमंत्री ने यह वादा किया था, तब हमें भरोसा था कि वह इसे निभाएंगे और आज वही दिन आ गया।”

    खेल और खिलाड़ियों के लिए सरकार का बड़ा कदम।

    कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने झारखंड सरकार की नई खेल नीति पर भी जोर दिया और कहा कि राज्य के खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य सिर्फ वर्ल्ड-क्लास खिलाड़ी बनाना ही नहीं, बल्कि उन्हें वो सारी सुविधाएं देना है, जिसकी वे हकदार हैं।”

    इस कार्यक्रम में पर्यटन, कला-संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य मंत्री सुदिव्य कुमार, विधायक राजेश कच्छप, विधायक भूषण बाड़ा, मुख्य सचिव अलका तिवारी, नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव सुनील कुमार सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद थे।

    झारखंड की बेटियों को उनका हक मिल गया। सलीमा और निक्की अब अपने घर का सपना पूरा कर पाएंगी। लेकिन यह सिर्फ दो खिलाड़ियों की कहानी नहीं है—यह संदेश है उन हजारों युवा खिलाड़ियों के लिए जो झारखंड की मिट्टी से निकलकर दुनिया में छा जाना चाहते हैं। झारखंड सरकार का यह कदम राज्य में खेल और खिलाड़ियों को प्रोत्साहन देने की दिशा में एक नई मिसाल बन सकता है।

     

  • शिल्पी नेहा तिर्की का अफसरों को निर्देश,राज्य में बन रहे 19 कोल्ड स्टोरेज का काम समय पर हो पूरा

    भवन निर्माण में गुणवत्ता पर जोर: कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की की सख्त हिदायत

    रांची: कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने विभाग से जुड़े भवनों के निर्माण कार्य में उच्च गुणवत्ता बनाए रखने का निर्देश दिया है। नेपाल हाउस में भवन निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ हुई बैठक में मंत्री तिर्की ने राज्य में निर्माणाधीन 19 कोल्ड स्टोरेज को तय समय सीमा के भीतर पूरा करने का सख्त निर्देश दिया।

    बैठक में यह भी जोर दिया गया कि नए भवनों के निर्माण के साथ-साथ पहले से बने भवनों का रखरखाव भी आवश्यक है। विशेष रूप से कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग से जुड़े लैंप-पैक्स के लिए यह निर्देश और अधिक महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

    मंत्री ने कहा कि कृषि उत्पादों के भंडारण से संबंधित भवनों का निर्माण तय समयसीमा में पूरा होना चाहिए। उन्होंने राज्य में जर्जर लैंप-पैक्स के स्थान पर नए भवनों के निर्माण को समय की मांग बताया। बैठक में निर्माणाधीन 19 कोल्ड स्टोरेज के अलावा छोटे कोल्ड स्टोरेज की स्थिति की भी समीक्षा की गई। मंत्री तिर्की ने कहा कि राज्य में पर्याप्त कोल्ड स्टोरेज न होने के कारण किसानों को कृषि उत्पादों, फलों और सब्जियों के भंडारण में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए, कोल्ड स्टोरेज के निर्माण में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

    इसके अलावा, मंत्री ने इस वर्ष अनुकूल मौसम के कारण धान, मोटा अनाज और दलहन की अच्छी पैदावार होने की बात कही। उन्होंने कहा कि किसानों को समय पर बीज उपलब्ध कराने के लिए स्टोरेज की उचित व्यवस्था होनी चाहिए। इसके लिए विभाग को आवश्यक भवनों की जरूरत होगी, जिसे भवन निर्माण विभाग को समय पर पूरा करना होगा।

    बैठक में विभागीय सचिव अबू बक्कर सिद्दीख, भवन निर्माण विभाग के सचिव अरवा राजकमल सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।

  • इनर व्हील क्लब ने 35वें चार्टर डे पर किया सेवा का महोत्सव

    परवेज़ आलम की रिपोर्ट ……….

    गिरिडीह। इनर व्हील क्लब गिरिडीह ने अपने 35वें चार्टर डे के उपलक्ष्य में सेवा और समर्पण का अनूठा उदाहरण पेश किया। इस खास मौके पर क्लब को डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन अलकनंदा बख्शी का आधिकारिक दौरा भी मिला, जिससे कार्यक्रम का महत्व और बढ़ गया।

    सेवा कार्य बने समारोह की पहचान.
    समाज सेवा के अपने संकल्प को आगे बढ़ाते हुए क्लब ने तीन जरूरतमंद लड़कियों को सिलाई मशीनें प्रदान कीं, जिससे वे आत्मनिर्भर बन सकें। वहीं, एक जरूरतमंद व्यक्ति को व्हीलचेयर देकर उसकी जिंदगी को थोड़ी सहूलियत दी गई।

    होटल गार्डन व्यू में भव्य आयोजन.
    इस अवसर पर होटल गार्डन व्यू में एक गरिमामयी कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जहां शहर के प्रतिष्ठित संस्थानों के कई गणमान्य महिला-पुरुष शामिल हुए। क्लब की अध्यक्ष डॉ. रूपाश्री खैतान ने अतिथियों को पौधा भेंट कर सम्मानित किया, जबकि सेक्रेटरी निवेदिता पोद्दार ने अब तक क्लब द्वारा किए गए कार्यों का सारगर्भित विवरण प्रस्तुत किया।

    नई सदस्याओं का स्वागत.
    क्लब में नए सदस्यों के रूप में रिया बादल और नीलम कंधवे को शामिल किया गया। वहीं, डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन अलकनंदा बख्शी ने क्लब के सेवा कार्यों की भूरि-भूरि प्रशंसा की।

    गौरवशाली इतिहास की झलक.
    चार्टर मेम्बर एवं पास्ट इंटरनेशनल एडिटर प्रभा रघुनंदन ने क्लब की 35 वर्षों की प्रेरणादायक यात्रा पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर क्लब की सभी पास्ट प्रेसिडेंट्स को भी सम्मानित किया गया।

    विशेष लॉन्च – डेस्कटॉप कैलेंडर.
    इस यादगार समारोह में इनर व्हील क्लब गिरिडीह के नाम का विशेष डेस्कटॉप कैलेंडर भी लॉन्च किया गया, जो आने वाले वर्षों में क्लब की उपलब्धियों की याद दिलाता रहेगा।

    कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य सदस्य
    इस आयोजन में डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन अलकनंदा बख्शी, क्लब अध्यक्ष डॉ. रूपाश्री खैतान, वाईस प्रेसिडेंट हेमा दत्ता, सेक्रेटरी निवेदिता पोद्दार, ट्रेजरर डॉ. पायल वर्मा, एडिटर सोनी कंधवे, सीजीआर रेखा तर्वे, डिस्ट्रिक्ट वाईस चेयरमैन रश्मि गुप्ता, पास्ट इंटरनेशनल एडिटर प्रभा रघुनंदन, पास्ट डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन रुही अहमद समेत अन्य सदस्याएं उपस्थित रहीं।

    इनर व्हील क्लब गिरिडीह का यह आयोजन न केवल एक उत्सव था, बल्कि सेवा और समाज उत्थान की दिशा में एक प्रेरणादायक पहल भी साबित हुआ।