Author: The News Post4u

  • उदनाबाद-गांडेय मार्ग पर उसरी नदी पुल क्षतिग्रस्त, बड़े वाहनों का परिचालन ठप

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह : जिला मुख्यालय से सटे उदनाबाद होते हुए गांडेय और जामताड़ा को जोड़ने वाले उसरी नदी पर बने पुराने पुल की हालत इन दिनों बेहद जर्जर हो चुकी है। पुल के ऊपर के कई पायों (pillars) में दरारें पड़ने और कुछ हिस्सों के धंस जाने के कारण प्रशासन ने बड़े वाहनों के परिचालन पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। इससे स्थानीय लोगों और व्यापारियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।

    यह पुल झारखंड की दो प्रमुख राजनीतिक हस्तियों — राज्य के मंत्री एवं गिरिडीह विधायक सुदीव्य कुमार सोनू और गांडेय विधायक डॉ. कल्पना सोरेन मुर्मू — के क्षेत्र को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग है। यही पुल हजारों ग्रामीणों, विद्यार्थियों, किसानों और व्यापारियों के लिए जीवनरेखा की तरह काम करता रहा है।

    20 साल पुराना पुल, अब बदहाल स्थिति में.

    इस पुल का निर्माण लगभग 20 से 21 वर्ष पूर्व, तत्कालीन मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा के शासनकाल में कराया गया था। शुरुआती वर्षों में यह पुल मजबूत और सुरक्षित माना जाता था। लेकिन समय के साथ मरम्मत और देखरेख की अनदेखी ने इसकी स्थिति को बेहद खतरनाक बना दिया।
    स्थानीय लोगों का कहना है कि भारी मालवाहक ट्रकों के लगातार दबाव से पुल की नींव कमजोर पड़ गई है। अब पिलरों में दरारें दिखने लगी हैं और कुछ हिस्से धंसने भी लगे हैं.

     जनजीवन पर असर और दुर्घटना की आशंका.

    पुल क्षतिग्रस्त होने से गिरिडीह-गांडेय-जामताड़ा मार्ग पर बड़े वाहनों का परिचालन रुक गया है। नतीजतन व्यापारिक गतिविधियाँ और आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है।
    ग्रामीणों का कहना है कि वैकल्पिक मार्ग न होने से छोटे वाहनों और पैदल यात्रियों को भी अब जोखिम उठाकर इसी पुल से गुजरना पड़ रहा है। इससे कभी भी बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।

    सामाजिक कार्यकर्ता ने जताई चिंता.

    सामाजिक कार्यकर्ता दीपक उपाध्याय ने इस गंभीर स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए क्षेत्र के दोनों जनप्रतिनिधियों — मंत्री सुदीव्य कुमार सोनू और विधायक कल्पना सोरेन मुर्मू — से तत्काल हस्तक्षेप की अपील की है।
    उन्होंने कहा कि “जनहित में आवश्यक है कि विभाग के विशेषज्ञ इंजीनियरों से पुल की तकनीकी जाँच कराई जाए और मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण की प्रक्रिया जल्द शुरू हो, अन्यथा कभी भी अनहोनी हो सकती है।”

    शीघ्र हो पहल.

    क्षेत्रवासियों का कहना है कि यह पुल न केवल गिरिडीह-गांडेय को जोड़ता है, बल्कि जामताड़ा और आसपास के कई ग्रामीण इलाकों के लिए भी एक प्रमुख मार्ग है।
    लोगों की अपेक्षा है कि राज्य सरकार शीघ्र इस पुल की मरम्मत या पुनर्निर्माण की घोषणा करे, ताकि आवागमन सामान्य हो सके और संभावित हादसों से बचा जा सके।

     

  • महिलाओं की आत्मनिर्भरता और बालिकाओं के स्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में बड़ा कदम

    इनरव्हील क्लब ऑफ गिरिडीह सनशाइन की प्रेरक पहल.

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह की सामाजिक चेतना और मानवीय संवेदनाओं को एक नया आयाम देने का कार्य किया है इनरव्हील क्लब ऑफ गिरिडीह सनशाइन ने।
    महिलाओं और बच्चों के सशक्तिकरण को समर्पित दो अनूठी पहलों के माध्यम से क्लब ने यह साबित किया कि यदि नीयत नेक हो, तो बदलाव सिर्फ संभव नहीं—अपरिहार्य हो जाता है। संरक्षण सेंटर” में हुनर और आत्मनिर्भरता की मिसाल.

    चन्दनडीह स्थित संरक्षण सेंटर में क्लब द्वारा आयोजित विशेष कार्यक्रम में बच्चों और महिलाओं के चेहरों पर खुशियों की चमक साफ झलक रही थी।
    जहाँ “हुनर” के बच्चों को रोज़ शिक्षा दी जाती है, वहीं इस अवसर पर क्लब की महिलाओं ने बच्चों को मिठाइयाँ और ड्रॉइंग से संबंधित सामग्री भेंट की। रंग-बिरंगी पेंसिल और मुस्कुराते चेहरे—पूरा वातावरण मानो खुशियों की रंगोली बन गया।

    इसके बाद क्लब ने सेंटर में कार्यरत महिलाओं को नैपकिन बनाने हेतु कपड़े और सिलाई की आवश्यक सामग्रियाँ प्रदान कीं। इसका उद्देश्य था—महिलाओं को स्वावलंबन की दिशा में आगे बढ़ाना, ताकि वे अपने हुनर से उपयोगी वस्तुएँ तैयार कर आत्मनिर्भर बन सकें।

    कार्यक्रम में PDC पूनम सहाय, चार्टर प्रेजिडेंट रंजना बगेरिया, प्रेसिडेंट कविता राजगड़िया, और सदस्या तनुजा भूषण की उपस्थिति ने आयोजन को विशेष बना दिया।सभी ने एक स्वर में कहा—“समाज का सच्चा विकास तभी संभव है जब महिलाएँ और बच्चे, दोनों शिक्षित और आत्मनिर्भर बनें।”

    सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षा की दिशा में कदम.

    सामाजिक जिम्मेदारी का एक और सुंदर उदाहरण देखने को मिला नवजीवन नर्सिंग होम में, जहाँ क्लब ने नवजीवन नर्सिंग होम और गिरिडीह रोटरी कपल के सहयोग से सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षा हेतु वैक्सीनेशन कार्यक्रम आयोजित किया।

    इस पहल के तहत 9 बच्चियों को वैक्सीन का दूसरा डोज़ और 5 बच्चियों को पहला डोज़ लगाया गया।
    यह सिर्फ एक वैक्सीनेशन कार्यक्रम नहीं था, बल्कि एक जागरूकता अभियान था — महिलाओं के स्वास्थ्य, सुरक्षा और गरिमा को प्राथमिकता देने का संकल्प।

    इस अवसर पर क्लब की प्रेसिडेंट कविता राजगड़िया, IPP सोनाली टरवे, सेक्रेटरी स्मृति आनंद, चार्टर प्रेजिडेंट रंजना बगेरिया, शशि केडिया, सुनीता बर्नवाल सहित कई अन्य महिलाएँ उपस्थित रहीं।
    सभी ने बच्चियों को शुभकामनाएँ दीं और उनके स्वस्थ एवं उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

    एक संदेश, अनेक प्रेरणाएँ.

    इनरव्हील क्लब ऑफ गिरिडीह सनशाइन की ये दोनों पहल केवल सामाजिक कार्य नहीं हैं, बल्कि यह मानवता की नई परिभाषा हैं।
    जहाँ एक ओर यह अभियान महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास है, वहीं दूसरी ओर यह बालिकाओं के स्वास्थ्य और सुरक्षा की दिशा में एक सशक्त कदम है।

    क्लब की इन गतिविधियों ने साबित किया है कि जब समाज की महिलाएँ जागरूक और संगठित होती हैं, तो बदलाव की गूंज हर घर तक पहुँचती है।

  • हत्या का आरोपी पुलिस को चकमा देकर भागा, आम लोगों की सूझबूझ से कुछ ही मिनटों में दबोचा गया

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह :  सोमवार दोपहर गिरिडीह जिला कोर्ट परिसर में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब हत्या के एक आरोपी ने पुलिस की गिरफ्त से भाग निकलने की कोशिश कर दी।
    हथकड़ी पहने हुए आरोपी को भागते देख कुछ पलों के लिए पुलिस भी सन्न रह गई, लेकिन आम लोगों की हिम्मत और फुर्ती ने एक बड़ी घटना को टाल दिया

    हत्या के मामले में पेशी के लिए लाया गया था आरोपी.

    जानकारी के अनुसार, धनवार थाना क्षेत्र के गरडीह गांव निवासी बच्चू सिंह (25 वर्ष) को पुलिस सोमवार को अदालत में पेश करने लाई थी।
    बच्चू सिंह पर हाल ही में 55 वर्षीय रवींद्र सिंह की कुल्हाड़ी से हत्या करने का आरोप है।
    पुलिस उसे पेशी के लिए कोर्ट परिसर में लेकर आई थी, तभी अचानक उसने मौका पाकर भागने की कोशिश की.

    हथकड़ी लगी होने के बावजूद चकमा देकर भागा.

    बताया गया कि जैसे ही पुलिसकर्मी उसे कोर्ट के गेट की ओर लेकर जा रहे थे,
    बच्चू सिंह अचानक झटका देकर भागने लगा। हाथों में हथकड़ी लगी होने के बावजूद उसने तेज़ी से टॉवर चौक की ओर दौड़ लगा दी।अचानक हुए इस घटनाक्रम ने पुलिसकर्मियों के होश उड़ा दिए और कोर्ट परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
    राहगीर और वकील कुछ समझ पाते, उससे पहले ही आरोपी सड़क की ओर निकल गया।

    आम लोगों ने दिखाई बहादुरी, अम्बेडकर चौक के पास पकड़ा गया.

    लेकिन भागते आरोपी की किस्मत ज़्यादा देर साथ नहीं दे सकी। अम्बेडकर चौक के पास पंच मंदिर के समीप मौजूद दुकानदारों और राहगीरों ने उसे रोकने का साहस दिखाया।
    लोगों ने मिलकर आरोपी को घेर लिया और हथकड़ी में ही उसे पकड़ लिया।
    सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची और बच्चू सिंह को फिर से अपनी हिरासत में ले लिया।

     

    लोगों की सतर्कता से बची बड़ी घटना.

    स्थानीय लोगों की सूझबूझ और त्वरित प्रतिक्रिया से पुलिस को बड़ी राहत मिली।
    यदि आरोपी भागने में सफल हो जाता, तो यह गिरिडीह पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन सकता था।
    घटना के बाद पूरे क्षेत्र में लोगों की बहादुरी और सजगता की सराहना की जा रही है

    पुलिस पर उठे सवाल, जांच शुरू

    घटना के बाद पुलिस विभाग भी सवालों के घेरे में आ गया है।
    कोर्ट जैसी संवेदनशील जगह पर हथकड़ी पहने आरोपी का भाग निकलना,
    सुरक्षा व्यवस्था की कमजोरी और लापरवाही दोनों को उजागर करता है।
    एसपी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार,
    इस पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों की भूमिका की भी समीक्षा की जा रही है।

    गिरिडीह के नागरिकों ने दिया मिसाल.

    इस घटना ने यह साबित कर दिया कि संकट की घड़ी में गिरिडीह के लोग
    कानून-व्यवस्था की रक्षा के लिए आगे आने से नहीं हिचकते।
    जहां एक ओर पुलिस की चूक सामने आई,वहीं आम नागरिकों की सूझबूझ और साहस ने न केवल आरोपी को भागने से रोका, बल्कि एक संभावित बड़ी घटना को भी टाल दिया।

     

  • बिहार चुनाव में JMM को बड़ा झटका, नहीं हुआ एक भी नामांकन

    — मंत्री बोले “राजद-कांग्रेस की धूर्त राजनीति का शिकार हुई पार्टी”

    परवेज़ आलम.

    गिरिडीह:  बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) को बड़ा राजनीतिक झटका लगा है। पार्टी इस बार बिहार की किसी भी विधानसभा सीट पर चुनाव नहीं लड़ पाएगी, क्योंकि नामांकन की अंतिम तिथि (सोमवार) बीत जाने तक जेएमएम का कोई उम्मीदवार पर्चा दाखिल नहीं कर सका।

    इस अप्रत्याशित स्थिति के बाद झारखंड मुक्ति मोर्चा ने औपचारिक रूप से महागठबंधन से अलग होने की घोषणा कर दी है।
    यह घोषणा झारखंड सरकार के मंत्री और जेएमएम के वरिष्ठ नेता सुदिव्य कुमार सोनू ने गिरिडीह में पत्रकारों से बातचीत के दौरान की।

    राजद और कांग्रेस ने दिखाई राजनीतिक धूर्तता.

    पत्रकारों से बातचीत में मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने तीखे शब्दों में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और कांग्रेस दोनों पर गंभीर आरोप लगाए।
    उन्होंने कहा —

    “राजद और कांग्रेस ने जो किया है, वह राजनीतिक धूर्तता की पराकाष्ठा है। हमें जानबूझकर गठबंधन की प्रक्रिया से बाहर रखा गया। इसका परिणाम जल्द ही सबके सामने होगा।”

    मंत्री ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि अब जेएमएम बिहार विधानसभा चुनाव में महागठबंधन का हिस्सा नहीं है, और पार्टी किसी भी सीट पर चुनाव नहीं लड़ेगी

    सीट शेयरिंग पर अटका मामला, 13 दिनों तक होता रहा इंतज़ार.

    मंत्री सोनू ने बताया कि 7 अक्टूबर को पटना में सीट बंटवारे को लेकर महागठबंधन की बैठक हुई थी।
    वे अपने सहयोगी विनोद पांडेय के साथ इस बैठक में शामिल हुए थे।
    जेएमएम को उम्मीद थी कि पार्टी को कुछ सीटें मिलेंगी, ताकि बिहार में भी उसका राजनीतिक विस्तार हो सके।

    लेकिन मंत्री के अनुसार,

    “7 अक्टूबर से 20 अक्टूबर तक राजद ने चालबाजी का खेल खेला, और कांग्रेस ने उस पर मौन सहमति दी।
    जब तक नामांकन की तिथि समाप्त हुई, हमें जानबूझकर दरकिनार कर दिया गया।”

    उन्होंने इसे “साजिशन बहिष्कार” बताया और कहा कि राजद-कांग्रेस की मिलीभगत ने जेएमएम की चुनावी योजनाओं पर पानी फेर दिया।

    अगर पहले साफ़ बोलते, तो हम अकेले मैदान में उतर जाते.

    मंत्री सोनू ने अपनी नाराज़गी जताते हुए कहा कि अगर राजद और कांग्रेस को जेएमएम को सीट नहीं देनी थी, तो यह बात पहले ही स्पष्ट करनी चाहिए थी।

    “हम झारखंड से बिहार तक एकजुटता और क्षेत्रीय सहयोग का संदेश देना चाहते थे, लेकिन हमें राजनीतिक सहयोगी नहीं, बल्कि प्रतिद्वंद्वी समझा गया,”
    मंत्री सोनू ने कहा।

    उन्होंने आगे कहा —

    “7 से 20 अक्टूबर तक हमें सिर्फ छल का सामना करना पड़ा। यह सब सोची-समझी चाल थी, जिसमें कांग्रेस ने राजद का पूरा साथ दिया। अब इसका खामियाजा दोनों दलों को भुगतना पड़ेगा। क्यूकि JMM देश की अकेली  पार्टी है जिसका आदिवासी समाज मे ब्यापक जननधर है और बिहार की कई सीटों पर महागठबंधन को  JMM की उपेक्षा भारी पड़ेगी ।

    महागठबंधन की एकता पर बड़ा सवाल.

    जेएमएम के महागठबंधन से अलग होने के ऐलान से बिहार महागठबंधन की एकता पर एक बड़ा सवाल खड़ा हो गया है।
    राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह टूट न केवल महागठबंधन की साख को कमजोर करेगी, बल्कि झारखंड-बिहार के क्षेत्रीय तालमेल और गठबंधन राजनीति की विश्वसनीयता पर भी असर डालेगी।

    बिहार की सियासत में जहां एक ओर गठबंधन की मजबूती की बातें हो रही थीं, वहीं अब जेएमएम का यह कदम आने वाले दिनों में नए समीकरण और नए गठजोड़ों की शुरुआत कर सकता है।

    फिलहाल का निष्कर्ष.

    झारखंड मुक्ति मोर्चा ने साफ़ कर दिया है कि वह अब बिहार मे महागठबंधन का हिस्सा नहीं रहेगा और झारखंड मे महागठबंधन के रहने पर भी समीक्षा होगी ।
    मंत्री सोनू के बयान से यह भी स्पष्ट है कि यह अलगाव किसी सीट या सौदेबाज़ी  का नहीं, बल्कि विश्वास और सम्मान की राजनीति  का मामला है।

    बिहार के चुनावी मैदान में अब यह देखना दिलचस्प होगा कि
    क्या राजद-कांग्रेस इस झटके से उबर पाते हैं,
    या फिर झारखंड से उठी यह नाराज़गी
    बिहार की सियासत की नई कहानी लिख देगी।

  • पुलिस की बड़ी सफलता:सीएससी सेंटर डकैती कांड का खुलासा, दो गिरफ्तार

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह : भरकट्टा ओपी क्षेत्र के ग्राम चिताखारो में 8 अक्टूबर की रात हुई सीएससी सेंटर डकैती कांड का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। इस सनसनीखेज मामले में गिरिडीह पुलिस ने दो अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि चार अन्य आरोपी अब भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं।

    विशेष टीम का गठन और पुलिस की रणनीति.

    घटना के बाद गिरिडीह पुलिस अधीक्षक डॉक्टर बिमल कुमार ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बगोदर-सरिया SDPO के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम का गठन किया। टीम ने लगातार क्षेत्र में छापेमारी अभियान चलाया, संदिग्धों से पूछताछ की और तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया। इसी क्रम में गुप्त सूचना के आधार पर 16 अक्टूबर को गांडेय थाना की पुलिस के सहयोग से ग्राम डहुआटांड में छापेमारी की गई। इस दौरान पुलिस ने दो संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया।

    गिरफ्तार अपराधियों की पहचान और खुलासे.

    पकड़े गए अपराधियों की पहचान कारू कुमार वर्मा और रितेश यादव के रूप में हुई है। पूछताछ के दौरान दोनों ने न केवल अपनी संलिप्तता स्वीकार की, बल्कि अपने अन्य साथियों के नाम भी उजागर किए। उनके बयान के अनुसार, मोहित मंडल और छोटू मंडल भी इस डकैती में शामिल थे।

    घटना की पूरी साजिश.

    अभियुक्तों ने खुलासा किया कि घटना से एक दिन पहले, यानी 7 अक्टूबर की शाम, तीन अपराधी अपाचे बाइक से चिताखारो पहुंचे थे और सीएससी सेंटर की बारीकी से रैकी (निरीक्षण) की थी। उन्हें जानकारी मिली थी कि सेंटर संचालक के पास करीब 10 लाख रुपये नकद रखे हुए हैं। इसके बाद, 8 अक्टूबर की रात छह अपराधी दो मोटरसाइकिलों पर सवार होकर सेंटर पहुंचे, पीछे की कुंडी तोड़ी और घर में घुस गए।

    डकैती की वारदात और बरामदगी.

    पिस्टल के बल पर अपराधियों ने सीएससी संचालक के परिवार को बंधक बनाकर लूटपाट की। वे घर से एक लैपटॉप, दो मोबाइल फोन, दो कैमरे, नगदी और कीमती आभूषण लेकर फरार हो गए थे। पुलिस ने छापेमारी के दौरान सभी चोरी किए गए सामानों को बरामद कर लिया है।

    अभी भी फरार चार आरोपी.

    फिलहाल, चार आरोपी अब भी फरार बताए जा रहे हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की विशेष टीम लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। गिरिडीह पुलिस अधीक्षक डॉक्टर बिमल कुमार ने कहा है कि जल्द ही सभी अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया जाएगा और अपराध के इस नेटवर्क का पूरी तरह सफाया किया जाएगा।

     

  • गिरिडीह कॉलेज में रंगोली प्रतियोगिता के साथ मनाई गयी दीपावली की पूर्व संध्या

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह:  दीपों के इस पर्व से पहले गिरिडीह कॉलेज का परिसर रंगों और उत्साह से भर उठा, जब कॉलेज की एनएसएस इकाई 1 और 2 की ओर से रंगोली प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम दीपावली की पूर्व संध्या पर आयोजित किया गया, जिसमें स्वयंसेवकों ने रचनात्मकता और परंपरा का सुंदर संगम प्रस्तुत किया।

    आयोजन का नेतृत्व और शुभारंभ.

    कार्यक्रम का नेतृत्व एनएसएस इकाई 1 के प्रोग्राम ऑफिसर प्रो. धर्मेंद्र वर्मा और इकाई 2 की प्रोग्राम ऑफिसर प्रो. श्वेता कुमारी ने किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अनुज कुमार थे, जिन्होंने दीप प्रज्वलित कर प्रतियोगिता का शुभारंभ किया।

    प्राचार्य का प्रेरणादायक संबोधन.

    अपने संबोधन में डॉ. अनुज कुमार ने सभी स्वयंसेवकों और कॉलेज परिवार को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा—

    “विद्यार्थियों को दीपक की तरह जलना चाहिए, क्योंकि दीपक अंधकार को मिटाकर प्रकाश फैलाता है। शिक्षा और ज्ञान ही सच्ची रोशनी हैं, जो जीवन से अज्ञान का अंधकार दूर करती हैं।”

    डॉ. कुमार ने यह भी घोषणा की कि दीपावली पर्व को देखते हुए कॉलेज अब अवकाश पर रहेगा।

    प्रोफेसरों ने दी प्रेरणा की बात.

    इस अवसर पर प्रो. धर्मेंद्र वर्मा ने कहा कि दीपक हमें यह सिखाता है कि अंधकार चाहे कितना भी गहरा क्यों न हो, एक छोटी सी लौ भी उसे मिटा सकती है।
    वहीं प्रो. श्वेता कुमारी ने कहा—

    “मन रूपी दीपक के जलने से व्यक्ति अंधकार से प्रकाश की ओर अग्रसर होता है। दीपावली आत्मप्रेरणा और सकारात्मकता का पर्व है।”

    प्रतियोगिता के परिणाम.

    रंगोली प्रतियोगिता में मंजू मुर्मू ने प्रथम स्थान, मनीषा और पूनम ने संयुक्त रूप से द्वितीय स्थान, तथा सचिन कुमार वर्मा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।

    निर्णायक मंडल में प्रो. धर्मेंद्र वर्मा, प्रो. श्वेता कुमारी, डॉ. अनुज कुमार और श्री हीरालाल मंडल शामिल थे।

    सफल आयोजन में स्वयंसेवकों की भूमिका.

    कार्यक्रम की सफलता में प्रभात कुमार, जय राहुल, संदीप मंडल, रूपेश कुमार सहित एनएसएस के अन्य स्वयंसेवकों का सराहनीय योगदान रहा। उनके सहयोग से यह प्रतियोगिता सफलतापूर्वक और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुई।

    गिरिडीह कॉलेज परिसर में दीपावली की यह रंगीन शुरुआत न केवल छात्रों के रचनात्मक कौशल और सामाजिक सहभागिता को दर्शाती है, बल्कि यह भी साबित करती है कि युवा पीढ़ी संस्कार और सृजनशीलता दोनों में आगे है।

     

  • फोर लेन सड़क निर्माण को मिली नई रफ्तार, नगर निगम ने हटाया अतिक्रमण

    परवेज़ आलम.

    The News Post4u.

    गिरिडीह : शहर में चल रहे फोर लेन सड़क निर्माण कार्य में बाधा बन रहे अतिक्रमण को लेकर शुक्रवार को गिरिडीह नगर निगम ने बड़ी कार्रवाई की। नगर निगम की टीम ने नटराज चौक से कोऑपरेटिव बैंक तक सड़क किनारे बनी दुकानों को हटाने की मुहिम चलाई और कुल 24 दुकानों को अतिक्रमण मुक्त कराया। यह अभियान नगर प्रशासन और पुलिस बल की संयुक्त उपस्थिति में संपन्न हुआ।

    कार्रवाई के दौरान हल्की झड़प, लेकिन प्रशासन रहा सख्त.

    कार्रवाई के दौरान कुछ दुकानदारों ने विरोध किया और निगम कर्मियों के साथ बहस की स्थिति बनी, लेकिन नगर निगम और प्रशासनिक टीम की सख्त और संयमित कार्रवाई के कारण स्थिति पर तुरंत काबू पा लिया गया। कई दुकानदारों ने माहौल बिगड़ने से पहले ही स्वेच्छा से अपनी दुकानें खाली कर दीं।

    न्यायालय के आदेश के बाद हुई कार्रवाई.

    नगर निगम के सूत्रों के अनुसार, जिन दुकानों को हटाया गया, उनके संचालकों ने पहले नगर निगम के नोटिस के खिलाफ उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। मामले की सुनवाई लंबे समय तक टलती रही, लेकिन हाल ही में अदालत ने निगम के पक्ष में निर्णय दिया। अदालत के आदेश के बाद दुकानदारों को पर्याप्त समय देकर नोटिस जारी किया गया था, फिर भी कई लोगों ने अतिक्रमण नहीं हटाया।

    उप नगर आयुक्त के नेतृत्व में चला अभियान.

    इस अतिक्रमण हटाओ अभियान का नेतृत्व उप नगर आयुक्त प्रशांत कुमार ने किया। अभियान में सहायक उप नगर आयुक्त अशोक हासदा, दंडाधिकारी विनोद कुमार, अर्बन प्लानर मंजूर आलम और नगर थाना पुलिस बल की टीम मौजूद रही। उप नगर आयुक्त प्रशांत कुमार ने बताया कि,

    “अदालत के आदेश के बाद भी कई दुकानदारों ने सड़क किनारे कब्जा बनाए रखा था, जिससे निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा था। मजबूरन निगम को सख्ती दिखानी पड़ी।”

    फोर लेन परियोजना को मिलेगी नई गति.

    नगर निगम की इस निर्णायक कार्रवाई के बाद अब कल्याणडीह से टावर चौक तक बन रहे फोर लेन सड़क निर्माण कार्य में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है। यह सड़क न केवल शहर के यातायात को सुगम बनाएगी, बल्कि व्यापारिक गतिविधियों को भी नया आयाम देगी।

    नगर निगम का कहना है कि आने वाले दिनों में भी जहां-जहां सड़क निर्माण या सार्वजनिक सुविधाओं में बाधा बने अतिक्रमण मिलेंगे, वहां ऐसी ही सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

     

  • इनरव्हील क्लब ऑफ गिरिडीह सनशाइन में सजी भावनाओं और परंपराओं की शाम

    वरिष्ठ सदस्य सम्मान और दीपावली मिलन समारोह रहा यादगार.

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह : समाजसेवा और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में सक्रिय इनरव्हील क्लब ऑफ गिरिडीह सनशाइन ने हाल ही में दो विशेष आयोजनों — वरिष्ठ सदस्य सम्मान समारोह और दीपावली मिलन — का सफल आयोजन किया। दोनों कार्यक्रम न केवल भावनाओं से ओतप्रोत रहे, बल्कि एकता, परंपरा और पर्यावरण संरक्षण का सुंदर संदेश भी देते दिखे।

     वरिष्ठ सदस्यों को समर्पित स्नेहपूर्ण शाम.

    15 अक्टूबर को नेचर व्यू में आयोजित वरिष्ठ सदस्य सम्मान समारोह का वातावरण स्नेह और आत्मीयता से भरा हुआ था। क्लब की वरिष्ठ सदस्याओं के स्वागत के लिए पारंपरिक तिलक, पुष्पवर्षा और काव्यपाठ का आयोजन किया गया। सम्मान समारोह में रैम्प वॉक और मनोरंजक खेलों की भी शानदार प्रस्तुति हुई, जिसमें वरिष्ठ सदस्याओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी ने सभी का दिल जीत लिया।
    क्लब की ओर से वरिष्ठ सदस्याओं को सैश, क्राउन और उपहार भेंट किए गए। कई वरिष्ठ सदस्याओं ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि इस तरह का आत्मीय और सम्मानजनक आयोजन उनके लिए अविस्मरणीय रहेगा।

     “स्वदेशी और पर्यावरण-संवेदनशील दीपावली” का संदेश..

    क्लब ने इस वर्ष दीपावली मिलन समारोह को एक विशेष थीम — “स्वदेशी और पर्यावरण-संवेदनशील दीपावली” — के तहत मनाया। आयोजन में सदस्याओं ने मिट्टी के दीयों से परिसर को रोशन किया और स्वदेशी सामग्रियों का प्रयोग कर ‘वोकल फॉर लोकल’ का संदेश दिया। सभी ने एक-दूसरे को मिठाई, दीप और उपहार बांटकर प्रेम और सौहार्द्र के इस पर्व को उल्लासपूर्वक मनाया।

     नेतृत्व और सहभागिता से सजी आयोजन की सफलता

    इन दोनों भावनात्मक आयोजनों का नेतृत्व पूर्व डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन पूनम सहाय और क्लब अध्यक्ष कविता राजगढ़िया ने किया।
    क्लब की चार्टर्ड अध्यक्ष रंजना, सचिव स्मृति आनंद, कोषाध्यक्ष मनीषा कपिसावे, और सदस्याएं — सुमन गौरीसरिया, तनुजा सहाय, सुनीता बरनवाल, तनुजा भूषण, सुषमा जैन, उषा डोकानियां, उषा केडिया, सुनीता सिन्हा और संगीता सिंह — की सक्रिय भागीदारी ने दोनों आयोजनों को यादगार बना दिया।

    समारोहों ने यह साबित किया कि जब परंपरा, पर्यावरण और अपनापन एक साथ जुड़ते हैं, तो सामाजिक सौहार्द्र की एक नई रोशनी पूरे समाज में फैलती है।

     

  • गिरिडीह में जाली नोट गिरोह का भंडाफोड़, दो गिरफ्तार, 45 हजार के नकली नोट बरामद

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह : जिले की पुलिस ने एक बार फिर संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक डॉ. विमल कुमार के निर्देशन में बुधवार की रात जमुआ थाना क्षेत्र में एक विशेष अभियान चलाया गया, जिसमें जाली नोटों का कारोबार करने वाले गिरोह का पर्दाफाश हुआ। चितरडीह रोड स्थित चंदा मोड़ से गिरोह के दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया गया, जबकि दो अन्य आरोपी पुलिस को चकमा देकर फरार हो गए।

    जानकारी के अनुसार, पुलिस अधीक्षक को यह सूचना मिली थी कि कुछ युवक जाली नोटों की सप्लाई करने के इरादे से जमुआ इलाके में सक्रिय हैं। सूचना के सत्यापन और त्वरित कार्रवाई के लिए खोरीमहुआ के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी राजेन्द्र प्रसाद के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल गठित किया गया। दल में जमुआ, धनवार, घोड़थम्भा और हिरोडीह थाना के अधिकारी और जवान शामिल थे।

    रात करीब 8 बजे पुलिस टीम चंदा मोड़ पहुंची, जहां चार युवक दो मोटरसाइकिलों के साथ संदिग्ध अवस्था में खड़े दिखाई दिए। पुलिस को देखकर सभी भागने लगे, लेकिन सशस्त्र बल की तत्परता से दो युवकों को मौके पर ही दबोच लिया गया। गिरफ्तार युवकों की पहचान अभिषेक कुमार राणा (ग्राम फुफंदी, थाना बेगाबाद) और नितीन कुमार (ग्राम बेरिया, थाना हिरोडीह) के रूप में हुई है।

    तलाशी के दौरान दोनों के पास से 45 हजार रुपये के जाली नोट, दो मोबाइल फोन और एक यामाहा एफजेडएस मोटरसाइकिल (संख्या JH11AK 4856) बरामद की गई। पुलिस पूछताछ में दोनों ने स्वीकार किया कि वे पूरे जिले में नकली नोटों की सप्लाई करते हैं और इससे पहले भी कई बार स्थानीय बाजारों में जाली नोटों को खपाने का प्रयास कर चुके हैं।

    पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ जमुआ थाना में मामला दर्ज कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। वहीं, फरार दो अन्य आरोपियों — योगेश मंडल और राज उर्फ राजेश मंडल — की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है।

    इस कार्रवाई में जमुआ थाना प्रभारी मणिकांत कुमार, धनवार थाना प्रभारी सत्येन्द्र कुमार पाल, घोड़थम्भा ओपी प्रभारी धमेन्द्र अग्रवाल, हिरोडीह थाना प्रभारी महेश चन्द्रा सहित जमुआ थाना के कई पुलिसकर्मी शामिल थे।

    पुलिस अधीक्षक डॉ. विमल कुमार ने इस सफलता पर टीम की सराहना करते हुए कहा कि जाली नोटों के कारोबार से अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ यह कार्रवाई एक सख्त संदेश है। ऐसे अपराधियों के खिलाफ लगातार अभियान जारी रहेगा।”

     

  • अवैध विदेशी शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़— एक गिरफ्तार

    भारी मात्रा में शराब और सामग्री जब्त.

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह:  दीपावली और छठ जैसे प्रमुख त्योहारों के मद्देनज़र पुलिस प्रशासन सक्रिय हो गया है। शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पुलिस ने अवैध शराब कारोबारियों के खिलाफ विशेष अभियान छेड़ रखा है। इसी क्रम में गिरिडीह जिले के बिरनी थाना क्षेत्र के कटरियाटांड़ में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध विदेशी शराब बनाने वाली फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है।

    जानकारी के अनुसार, अवर निरीक्षक उत्पाद रवि रंजन के नेतृत्व में यह छापामारी गुप्त सूचना के आधार पर की गई। पुलिस जब मौके पर पहुंची तो वहां बड़े पैमाने पर नकली विदेशी शराब तैयार की जा रही थी। छानबीन के दौरान पुलिस ने फैक्ट्री से 116 बोतल अवैध विदेशी शराब, 120 लीटर स्पिरिट, 2000 पीस लेबल, 5000 पीस ढक्कन, 1000 पीस होलोग्राम, 3 लीटर कैरामल, तथा शराब निर्माण में इस्तेमाल होने वाले कई उपकरण बरामद किए।

    मौके से एक अभियुक्त पवन पासवान को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बताया कि उसके खिलाफ उत्पाद अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और उससे पूछताछ जारी है। अधिकारियों का मानना है कि यह गिरोह जिले में लंबे समय से सक्रिय था और त्योहारों से पहले बड़ी खेप तैयार करने की योजना बना रहा था।

    अभियान में अवर निरीक्षक रवि रंजन के साथ गृह रक्षक जवानों और स्थानीय पुलिसकर्मियों की टीम शामिल थी। मिली जानकारी के अनुसार, जिले में इस तरह की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी ताकि त्योहारों के दौरान किसी भी तरह की अवैध गतिविधि शांति व्यवस्था को प्रभावित न कर सके।

    प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि त्योहारी सीजन में नकली या अवैध शराब की बिक्री करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं, पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि ऐसे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत स्थानीय थाने को दें ताकि अपराधियों पर शीघ्र कार्रवाई की जा सके।