Category: Giridih

  • रांची में टेक्नोलॉजी और इनोवेशन का महाकुंभ, 17–18 जनवरी को गूंजेगा RanchiHacks’26

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    रांची : राजधानी रांची अब सिर्फ राजनीति और संस्कृति की पहचान तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि टेक्नोलॉजी और इनोवेशन का नया हब बनने जा रही है। 17 और 18 जनवरी को रांची में होने जा रहा है RanchiHacks’26, जो तकनीकी प्रतिभाओं के लिए किसी महाकुंभ से कम नहीं है।

    यह 24 घंटे का ऑफलाइन हैकाथॉन राजधानी में नवाचार की नई लकीर खींचेगा। आयोजन का ग्रैंड फिनाले G. D. Birla Auditorium, Ranchi में होगा, जहाँ देशभर के युवा टेक्नोलॉजिस्ट अपनी प्रतिभा का दमखम दिखाएंगे।

    Google Developer Groups Ranchi द्वारा आयोजित इस हैकाथॉन को देश के हर कोने से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है।
    500 से अधिक टीमों ने रजिस्ट्रेशन कराया,
    350 से ज्यादा इनोवेटिव प्रोजेक्ट सबमिट किए गए,
    और कड़ी चयन प्रक्रिया के बाद टॉप 31 टीमों ने फाइनल राउंड में अपनी जगह बनाई है।

    RanchiHacks’26 की खास बात यह है कि इसे AI Impact Summit 2026 का आधिकारिक प्री-समिट इवेंट घोषित किया गया है। यह समिट भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के तत्वावधान में आयोजित हो रहा है, जिससे इस आयोजन की राष्ट्रीय अहमियत और भी बढ़ जाती है।

    हैकाथॉन के दौरान प्रतिभागी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सिक्योरिटी, ब्लॉकचेन, IoT, रोबोटिक्स, Web3 और सस्टेनेबल डेवलपमेंट जैसे अत्याधुनिक क्षेत्रों में समाधान पेश करेंगे।

    प्रतिभागियों को Google, Infosys, HP, American Express और Wipro जैसी दिग्गज कंपनियों से जुड़े अनुभवी मेंटर्स का मार्गदर्शन मिलेगा, वहीं देश-विदेश के विशेषज्ञों की जूरी फाइनल प्रोजेक्ट्स का मूल्यांकन करेगी।

    कुल मिलाकर RanchiHacks’26 न सिर्फ झारखंड बल्कि पूरे पूर्वी भारत के लिए टेक्नोलॉजी और इनोवेशन के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक पड़ाव साबित होने जा रहा है — जहाँ से भविष्य की टेक्नोलॉजी की नई कहानी लिखी जाएगी।

  • नगर निकाय चुनाव पार्टी आधारित कराए जाए-भाजपा

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह: नगर निकाय चुनाव में लगातार हो रही देरी के खिलाफ मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी ने सड़कों पर उतरकर राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने शहर की सड़कों पर पैदल मार्च निकालते हुए जिला समाहरणालय तक जोरदार प्रदर्शन किया। उपायुक्त कार्यालय के समक्ष कार्यकर्ताओं ने सरकार विरोधी नारे लगाते हुए जल्द से जल्द नगर निकाय चुनाव कराने की मांग की।

    इस विरोध प्रदर्शन में भाजपा के कई दिग्गज नेता मौजूद रहे। पूर्व सांसद रविंदर राय, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष विकास प्रीतम, पूर्व  महापौर सुनील पासवान, जिला अध्यक्ष महादेव दुबे, विनय सिंह और नगर अध्यक्ष हरविंदर सिंह बग्गा के नेतृत्व में सैकड़ों कार्यकर्ता हाथों में पार्टी का झंडा लेकर सड़कों पर उतरे। “लोकतंत्र बचाओ”, “चुनाव कराओ” जैसे नारों से शहर का माहौल गूंज उठा।

    प्रदर्शन को संबोधित करते हुए भाजपा नेताओं ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। नेताओं ने कहा कि सरकार जानबूझकर नगर निकाय चुनाव को टाल रही है, जिससे लोकतांत्रिक व्यवस्था कमजोर हो रही है। लंबे समय से नगर निकाय संस्थाएं भंग पड़ी हैं, जिसका सीधा असर शहरी विकास कार्यों पर पड़ रहा है। सड़क, नाली, साफ-सफाई और नागरिक सुविधाएं बुरी तरह प्रभावित हैं, लेकिन सरकार को जनता की परेशानियों से कोई लेना-देना नहीं है।

    भाजपा नेताओं ने स्पष्ट मांग की कि नगर निकाय चुनाव अविलंब, पारदर्शी और पार्टी आधारित कराए जाएं। साथ ही मतदान प्रक्रिया में ईवीएम के प्रयोग की भी मांग की गई। नेताओं का कहना था कि पार्टी आधारित चुनाव से जनता अपने चुने हुए प्रतिनिधियों से सीधे जवाब मांग सकेगी और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा।

    प्रदर्शन के अंत में भाजपा कार्यकर्ताओं ने उपायुक्त के माध्यम से राज्य सरकार को ज्ञापन सौंपा। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही नगर निकाय चुनाव की घोषणा नहीं की गई तो भाजपा चरणबद्ध तरीके से व्यापक जन आंदोलन शुरू करेगी। उन्होंने कहा कि भाजपा जनता की आवाज को सड़क से लेकर सदन तक बुलंद करती रहेगी और लोकतंत्र की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगी।

     

  • झामुमो छात्र विंग का शक्ति प्रदर्शन, एकदिवसीय सम्मेलन में जुटे सैकड़ों विद्यार्थी

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

     

    सम्मेलन के मुख्य अतिथि झारखंड सरकार के नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि विद्यार्थी केवल डिग्री लेने वाला वर्ग नहीं, बल्कि समाज, राज्य और देश का भविष्य होते हैं।”
    उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे किसी भी विषय या मुद्दे पर सवाल करने की क्षमता विकसित करें।
    मंत्री ने कहा—
    कोई कुछ कह दे, तो आँख मूंदकर उस पर भरोसा मत कीजिए। सोचिए, समझिए और सवाल उठाइए।”

    विश्व प्रसिद्ध वैज्ञानिक आइज़ैक न्यूटन का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि सेब नीचे ही क्यों गिरा—यह सवाल उनके मन में आया और वहीं से गुरुत्वाकर्षण के नियम की खोज हुई।
    उन्होंने युवाओं को नवाचार और वैज्ञानिक सोच अपनाने की प्रेरणा दी।

    मोबाइल फोन के बढ़ते प्रभाव पर बोलते हुए मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने कहा कि मोबाइल युवाओं पर सकारात्मक और नकारात्मक—दोनों तरह का प्रभाव डाल रहा है।
    चुनाव आपको करना है कि आप इसे किस दिशा में ले जाते हैं,” उन्होंने कहा।

    देश की मौजूदा राजनीति पर टिप्पणी करते हुए मंत्री ने कहा कि कोई चाहे भारत को एक रंग में रंगने की कोशिश करे, लेकिन यह संभव नहीं है।
    भारत को पूरी दुनिया विविधता में एकता के देश के रूप में जानती है। यही हमारी सबसे बड़ी ताकत और खूबसूरती है,” उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा।

    कार्यक्रम को संबोधित करते हुए झामुमो के जिला अध्यक्ष संजय सिंह ने कहा कि जीवन में अनुशासन सबसे बड़ा हथियार है।
    उन्होंने नगर विकास मंत्री के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि गिरिडीह में विश्वविद्यालय, मेडिकल कॉलेज और इंजीनियरिंग कॉलेज बहुत जल्द शुरू होने जा रहे हैं, जो जिले के छात्रों के लिए मील का पत्थर साबित होंगे।

    झामुमो के वरिष्ठ नेता एवं जमुआ के पूर्व विधायक केदार हाजरा ने कहा कि
    एक अच्छा विद्यार्थी ही आगे चलकर एक अच्छा नागरिक बनता है।”

    सम्मेलन के दौरान झारखंड छात्र मोर्चा के नेता अभय कुमार के नेतृत्व में सैकड़ों विद्यार्थियों ने झामुमो छात्र मोर्चा की सदस्यता ग्रहण की। मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने सभी नव-शामिल छात्रों को माला पहनाकर और पार्टी का पट्टा पहनाकर संगठन में शामिल कराया।
    छात्र नेता अभय कुमार ने संगठन को पूरी ताकत से मजबूत करने का आह्वान किया।

    कार्यक्रम में झामुमो के जिला उपाध्यक्ष शाहनवाज अंसारी, महानगर अध्यक्ष रॉकी सिंह, जिला प्रवक्ता कृष्ण मुरारी शर्मा, जिला कोषाध्यक्ष सुमित कुमार, जिला सह सचिव दिलीप कुमार, राकेश कुमार सिंह, मोनू सिंह, अभय सिंह, मेहताब मिर्जा सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

    इसके अलावा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की भागीदारी ने सम्मेलन को ऐतिहासिक बना दिया।
    कार्यक्रम में बड़ी यादव, डब्लू यादव, सुमेर वर्मा, आदित्य यादव, बिट्टू यादव, आशीष सिंह, रोहित मंडल, अंकित राज, राज पांडे, आशीष यादव, शिवम देव, रंजन वर्मा, विशाल झा, आर्यन वर्मा, प्रिंस प्रभाकर, सुजीत मंडल, पंकज साव, सागर, बंटी यादव, रोहन तूरी सहित सैकड़ों विद्यार्थी उपस्थित थे।

    सम्मेलन ने साफ संदेश दिया कि गिरिडीह में छात्र राजनीति एक नई दिशा और नई ऊर्जा के साथ आगे बढ़ रही है।

     

  • खालसा पंथ के संस्थापक गुरू गोबिंद सिंह जी का 359 वां प्रकाश पर्व धूमधाम से मनाया गया

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह : सिक्खों के दसवें गुरु, दशमेश पिता और खालसा पंथ के संस्थापक श्री गुरु गोबिंद सिंह जी का 359वां प्रकाश पर्व रविवार को स्टेशन रोड स्थित गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा में श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ भव्य रूप से मनाया गया। पूरा गुरुद्वारा परिसर भक्ति रस में डूबा नजर आया, जहां आस्था, सेवा और समर्पण की अद्भुत छटा देखने को मिली।

    इस मौके पर झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने गुरुद्वारा में लंगर सेवा की। उन्होंने माथा टेककर गुरु महाराज का आशीर्वाद लिया और संगत को प्रकाश पर्व की बधाई दी।
    मंत्री सोनू ने कहा कि गुरु महाराज की कृपा से ही उन्हें जीवन में सफलता मिली, पहले विधायक और फिर मंत्री बनने तक की उनकी यात्रा गुरु और ईश्वर की कृपा का परिणाम है। उन्होंने कहा कि गुरु घर से उनका विशेष जुड़ाव रहा है और आज जो कुछ भी हैं, वह गुरु की कृपा से हैं।

    इस मौके पर गुरुद्वारा में विशेष दीवान का आयोजन किया गया। गुरुद्वारे को रंग-बिरंगे फूलों और आकर्षक रोशनी से भव्य रूप से सजाया गया था। रांची से आए रागी जत्था भाई भरपूर सिंह एवं उनकी टीम ने जब गुरुबाणी कीर्तन की शुरुआत की, तो संगत भावविभोर हो उठी।

    गुरुद्वारा के प्रधान मुख्य सेवक डॉ. गुणवंत सिंह मोंगिया एवं सचिव सम्मी सलूजा ने जानकारी दी कि गुरु गोबिंद सिंह जी के प्रकाश पर्व को लेकर 2 जनवरी से अखंड पाठ साहिब रखा गया था, जिसका समापन आज गुरुपर्व के दिन हुआ। इसके साथ ही 29 दिसंबर से 3 जनवरी तक पांच प्रभात फेरियां निकाली गईं, जिनमें श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

    गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू को शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। इस दौरान संगत की मांग पर मंत्री सोनू ने गुरुद्वारे के लिए जनरेटर देने की घोषणा करते हुए कहा कि जल्द ही यह सेवा उनकी ओर से प्रदान की जाएगी।
    मौके पर चरणजीत सिंह सलूजा, देवेंद्र सिंह सलूजा, राजेंद्र सिंह, गुरविंदर सिंह, सतविंदर सिंह सलूजा, अजींदर सिंह चावला, पंजाबी मोहल्ला गुरुद्वारा के प्रधान भूपेंद्र सिंह, गुरु कृपा सेवा सोसाइटी के प्रधान कुशल सलूजा, सचिव प्रिंस सलूजा, गुरदीप सिंह बग्गा, कुंवरजीत सिंह, मंजीत सिंह, त्रिलोचन सिंह, गुरभेज सिंह कालरा सहित बड़ी संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालु उपस्थित रहे।

     

  • खेल महोत्सव युवाओं के सर्वांगीण विकास का सशक्त माध्यम- अन्नपूर्णा देवी

    सांसद खेल महोत्सव–2025 का समापन

    परवेज़ आलम. द न्यूज़ पोस्ट4यू

    गिरिडीह: कोडरमा लोकसभा क्षेत्र में आयोजित सांसद खेल महोत्सव–2025 का समापन आज खेल, संस्कृति और युवा ऊर्जा के अद्भुत संगम के साथ संपन्न हुआ। +2 उच्च विद्यालय, पलौंजिया (बिरनी) का मैदान तालियों की गूंज, खिलाड़ियों के उत्साह और विजेताओं की मुस्कान से सराबोर नजर आया। समापन सह पुरस्कार वितरण समारोह पूरी तरह उत्साहपूर्ण वातावरण में आयोजित किया गया।

    कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन से हुई, जिसके बाद विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत छऊ नृत्य ने समूचे माहौल को झारखंड की सांस्कृतिक चेतना से भर दिया। वीरता, अनुशासन और परंपरा की त्रिवेणी बने इस नृत्य ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।

    इस महोत्सव ने संख्या ही नहीं, संभावनाओं का भी रिकॉर्ड बनाया। सांसद खेल महोत्सव–2025 के अंतर्गत कुल 8603 प्रतिभागियों ने पंजीकरण कराया, जिनमें से 6285 खिलाड़ियों ने मैदान में उतरकर अपने हुनर का प्रदर्शन किया।
    महोत्सव में 13 खेल विधाओं का आयोजन किया गया, जिनमें साइक्लोथॉन, एथलेटिक्स, शॉट पुट, बैडमिंटन, वॉलीबॉल, जैवलिन थ्रो, शतरंज, टेबल टेनिस, कबड्डी, खो-खो, फुटबॉल और पारंपरिक खेल लगोरी (सेवन स्टोन्स) शामिल रहे।

    प्रतियोगिताओं के समापन पर 363 विजेता और 363 उपविजेता खिलाड़ियों को मोमेंटो एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। यह क्षण न केवल पुरस्कार का था, बल्कि आत्मविश्वास, परिश्रम और सपनों की पहचान का भी था।

    समारोह को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष सह नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि खेल युवाओं को अनुशासन, संघर्ष और नेतृत्व की सीख देता है। ऐसे आयोजन युवाओं को नकारात्मक प्रवृत्तियों से दूर रखकर राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ते हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि झारखंड की धरती खेल प्रतिभाओं से समृद्ध है और सही मंच मिलने पर यहां के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चमक सकते हैं।

    सांसद सह केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि खेल महोत्सव युवाओं के सर्वांगीण विकास का सशक्त माध्यम है। खेल न केवल शरीर को मजबूत बनाता है, बल्कि आत्मविश्वास, अनुशासन और सकारात्मक सोच को भी विकसित करता है। उन्होंने विशेष रूप से बालिकाओं और ग्रामीण क्षेत्रों के खिलाड़ियों की भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन “फिट युवा – विकसित भारत” के संकल्प को मजबूती प्रदान करते हैं।

    वहीं सांसद मनीष जायसवाल ने कहा कि सांसद खेल महोत्सव ने हजारों युवाओं को एक साझा मंच दिया है, जहां खेल के माध्यम से भाईचारा, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता का विकास हुआ है। उन्होंने भविष्य में और भी व्यापक स्तर पर ऐसे आयोजनों की आवश्यकता पर जोर दिया।

    कार्यक्रम में सांसद काली चरण सिंह, विधायक जनार्दन पासवान, उज्ज्वल दास, प्रदीप प्रसाद, प्रदेश उपाध्यक्ष विकास प्रीतम, जिला अध्यक्ष अनूप जोशी एवं महादेव दुबे, जिला प्रभारी रोहित लाल सिंह, प्रदेश मंत्री दिलीप वर्मा, पूर्व जिला अध्यक्ष अशोक उपाध्यक्ष, विनय शर्मा, पूर्व नगर परिषद अध्यक्ष दिनेश यादव, मुख्य समन्वयक मुकेश जालान सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, संगठन पदाधिकारी और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

    खिलाड़ियों और विद्यार्थियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि इतने बड़े मंच पर खेलना, हजारों खिलाड़ियों के बीच प्रतिस्पर्धा करना और सम्मान प्राप्त करना उनके लिए गर्व और प्रेरणा का विषय है। कई खिलाड़ियों ने इसे अपने जीवन का अविस्मरणीय क्षण बताया।

  • महिला राष्ट्रीय ताइक्वांडो में गिरिडीह की बेटियों का परचम, 7 पदकों से बढ़ाया झारखंड का मान

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह: “जब हौसले बुलंद हों, तो मंच चाहे राष्ट्रीय हो या अंतरराष्ट्रीय—जीत कदम चूमती है।”
    कुछ ऐसा ही कर दिखाया है गिरिडीह की बेटियों ने, जिन्होंने प्रथम महिला राष्ट्रीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन कर जिले ही नहीं, बल्कि पूरे झारखंड को गौरवान्वित कर दिया।

    बोकारो स्थित गुरुगोबिंद सिंह पब्लिक स्कूल में 27 से 29 दिसंबर तक आयोजित इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में गिरिडीह की आठ खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया, जिनमें से सात खिलाड़ियों ने पदक जीतकर इतिहास रच दिया। इन बेटियों ने कुल 7 पदक अपने नाम किए—3 स्वर्ण, 3 रजत और 1 कांस्य

    कोच आकाश कुमार स्वर्णकार के कुशल मार्गदर्शन में झारखंड टीम का प्रतिनिधित्व कर रहीं खिलाड़ियों ने हर मुकाबले में जुझारूपन, तकनीक और आत्मविश्वास का शानदार प्रदर्शन किया।
    द बैलेंस पाथ एकेडमी” की ज्योति राज, तथा के टाइगर ताइक्वांडो एकेडमी” की सोनाक्षी कुमारी और आयशा विंत अफजल ने दमदार खेल दिखाते हुए स्वर्ण पदक जीतकर गिरिडीह को गौरव से भर दिया।

    वहीं साक्षी कुमारी, अंजुम आरा और शिवानी कुमारी ने रजत पदक, जबकि तनीषा आर्य ने कांस्य पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।

    इस शानदार उपलब्धि पर गिरिडीह जिला ताइक्वांडो संघ के महासचिव अमित स्वर्णकार ने खिलाड़ियों की जमकर सराहना करते हुए कहा कि

    “इन बेटियों ने उम्मीद से कहीं बेहतर प्रदर्शन किया है। यह सफलता कठिन परिश्रम, अनुशासन और निरंतर अभ्यास का परिणाम है।”

    खिलाड़ियों की इस ऐतिहासिक जीत पर विधायक मथुरा प्रसाद महतो, पूर्व विधायक निर्भय कुमार शाहबादी सहित ताइक्वांडो संघ के पदाधिकारियों ने बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

    निस्संदेह, गिरिडीह की ये बेटियाँ आज प्रदेश की शान बन चुकी हैं और आने वाले समय में राष्ट्रीय ही नहीं, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी जिले का नाम रोशन करने की पूरी क्षमता रखती हैं।

     

  • महेशलुंडी में CCL का निःशुल्क चिकित्सा शिविर, 200 से अधिक ग्रामीणों को मिला स्वास्थ्य लाभ

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह : ग्रामीणों के स्वास्थ्य को सशक्त बनाने की दिशा में गिरिडीह सेंट्रल कॉल फील्ड लिमिटेड (CCL), द्वारा ग्राम पंचायत महेशलुंडी स्थित उत्क्रमित उच्च विद्यालय परिसर में प्राकृतिक और सामुदायिक संसाधन सर्वधन योजना (NCRAP) के अंतर्गत एक निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया।

    शिविर का शुभारंभ मुखिया शिवनाथ साव, सीसीएल गिरिडीह महाप्रबंधक की पत्नी हीना राठौर, मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. परिमल सिन्हा एवं सम्मी कपूर द्वारा संयुक्त रूप से फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया।

    इस स्वास्थ्य शिविर में स्त्री रोग, दंत रोग, सामान्य चिकित्सा एवं होम्योपैथिक विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम मौजूद रही। पंचायत के करीब 200 ग्रामीणों ने शिविर का लाभ उठाया, जहां मरीजों की जांच के बाद आवश्यकतानुसार निःशुल्क दवाएं भी उपलब्ध कराई गईं। इसके साथ ही ग्रामीणों को फर्स्ट एड बॉक्स का भी वितरण किया गया।

    कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुखिया शिवनाथ साव ने कहा कि

    “समाज में अनेक ऐसे जरूरतमंद लोग हैं, जो मजबूरीवश छोटी बीमारियों का इलाज नहीं करा पाते और यही लापरवाही आगे चलकर गंभीर रूप ले लेती है। ऐसे शिविर असहाय और ग्रामीण तबके के लिए जीवनदायी साबित होते हैं।”

    उन्होंने यह भी कहा कि महेशलुंडी पंचायत, गिरिडीह सीसीएल का पोषक क्षेत्र है। वर्षों से यहां कोयले का उत्पादन हो रहा है, लेकिन पूर्व में स्थानीय लोगों को उनके हक और अधिकार नहीं मिल पा रहे थे। हालांकि अब यह स्पष्ट दिख रहा है कि सीसीएल अपने सामाजिक दायित्वों के प्रति पहले से कहीं अधिक सजग हुई है, जिसका परिणाम है कि CSR और NCRAP योजनाओं के तहत जनहित कार्यों को निरंतर बढ़ावा मिल रहा है। इसके लिए उन्होंने सीसीएल प्रबंधन एवं अधिकारियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

    वहीं, सीसीएल के मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. परिमल सिन्हा ने कहा कि

    “मुखिया शिवनाथ साव के निरंतर प्रयासों के कारण महेशलुंडी में चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार संभव हो सका है। सीसीएल केवल कोयला उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक उत्तरदायित्व का भी पूरी निष्ठा से निर्वहन कर रही है। आने वाले समय में इस क्षेत्र में और भी जनकल्याणकारी कार्य देखने को मिलेंगे।”

    इस कार्यक्रम को सफल बनाने में बासुदेव दास, जगदीश दास, सागर कुमार, जगत पासवान, अनूप कुमार, सुरेश मोहाली सहित अन्य स्थानीय सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
    कार्यक्रम में अर्पिता महिला मंडल गिरिडीह महिला समिति की महिलाओं ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई।

    शिविर में डॉ. आसिफ रजा, डॉ. प्रियंका चौहान, डॉ. ए.के. अंसारी, डॉ. अमन वर्मा, डॉ. ए.पी. सिंह, डॉ. मनीष कांत, डॉ. राकेश रंजन सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

  • झारखंड की अबुआ सरकार से घबराई हुई है भाजपा- राजद

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह :  राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रदेश प्रवक्ता कैलाश यादव  ने भारतीय जनता पार्टी पर जमकर निशाना साधते हुए झारखंड की राजनीति और विकास से जुड़े कई अहम मुद्दों को उठाया। वे सोमवार को  गिरिडीह मे मीडिया कर्मियों से मुखातिब थे ।

    प्रदेश प्रवक्ता ने कहा कि झारखंड अलग राज्य बनने के बाद बाबूलाल मरांडी के मुख्यमंत्री बनने से लेकर कई वर्षों तक भाजपा ने राज्य में सरकार चलाई, लेकिन इस दौरान राज्य की खनिज संपदा, जल, जंगल और जमीन को बेचने का काम भाजपा सरकारों ने किया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने झारखंड के संसाधनों को कॉरपोरेट हितों के हवाले कर दिया।

    कैलाश यादव ने कहा कि आज झारखंड देश का वह राज्य है, जहां सबसे अधिक नियुक्ति पत्र युवाओं को सौंपे गए हैंमुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली सरकार लगातार युवाओं को रोजगार देने का काम कर रही है, लेकिन भाजपा इस सकारात्मक कार्य से परेशान है और इसी कारण अनर्गल बयानबाजी कर रही है।

    झारखंड में चल रही राजनीतिक उथल-पुथल पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने स्पष्ट कहा कि

    “झारखंड में झारखंड मुक्ति मोर्चा, कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल की सरकार पूरी मजबूती के साथ चल रही है। भाजपा साजिश के तहत इस सरकार को बदनाम करने की कोशिश कर रही है।”

    उन्होंने आगे कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में अबुआ सरकार झारखंड के सर्वांगीण विकास के लिए पूरी तरह कटिबद्ध है। वर्षों से लंबित पेसा कानून को लागू कर सरकार ने एक नया इतिहास रचा है, जिससे आदिवासी और ग्रामीण समाज को अधिकार मिले हैं।

    कैलाश यादव ने कहा कि आने वाले नगर निकाय चुनावों में राष्ट्रीय जनता दल पूरी मजबूती और रणनीति के साथ मैदान में उतरेगी और जनता के मुद्दों को लेकर संघर्ष जारी रखेगी।

  • मानदेय और भ्रष्टाचार के खिलाफ जलसहियाओं का हुंकार

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह :  जिले में झारखंड राज्य महिला जलसहिया कर्मचारी संघ जिला शाखा की एक महत्वपूर्ण बैठक किरण पब्लिक स्कूल के प्रांगण में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष दिव्या देवी ने की, जिसमें जिले भर से  जलसहिया प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर हिस्सा लिया।

    बैठक को जिला मंत्री सरिता देवी, प्रदेश अध्यक्ष सितारा परवीन तथा राष्ट्रीय संगठन सचिव सह प्रदेश मुख्य संरक्षक अशोक कुमार सिंह ने संबोधित किया। वक्ताओं के भाषणों के दौरान पूरे सभागार में सरकार और विभाग के खिलाफ आक्रोश साफ झलकता रहा।

    बैठक में सबसे बड़ा मुद्दा यह उठा कि आवंटन मिलने के बावजूद जलसहियाओं को मानदेय का भुगतान नहीं किया जा रहा है। जलसहियाओं ने एक स्वर में आरोप लगाया कि पेयजल एवं स्वच्छता विभाग की योजनाओं में उन्हें अंधेरे में रखकर 40 प्रतिशत तक कमीशनखोरी चल रही है
    इतना ही नहीं, कई पुरानी योजनाओं में रंग-रोगन दिखाकर दोबारा राशि निकाले जाने का भी गंभीर आरोप लगाया गया। कई जलसहियाओं ने योजनाओं के नाम संगठन के समक्ष रखे और मांग की कि यदि निष्पक्ष जांच हो, तो सच्चाई स्वतः सामने आ जाएगी।

    जलसहियाओं ने सरकार से सवाल किया कि दिन-रात मेहनत कर विभाग की योजनाओं को धरातल पर उतारने वाली महिलाएं मात्र ₹2000 मासिक मानदेय पर काम करने को मजबूर हैं, वह भी समय पर नहीं मिलता। यह स्थिति न केवल चिंताजनक है, बल्कि श्रम का अपमान भी है।

    सभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय संगठन सचिव अशोक कुमार सिंह ने कहा—

    “जलसहिया ग्रामीण महिला है, जो मात्र ₹2000 मासिक मानदेय पर कार्यरत है और सरकार इस ओर आंख मूंदे बैठी है। यह कैसी विडंबना है कि बिना काम किए ‘मैया सम्मान योजना’ में ₹2500 दिए जा रहे हैं, जबकि काम करने वाली महिलाओं को उससे कम मानदेय मिलता है।”

    राज्यभर में लगभग 30 हजार जलसहिया बहनें कार्यरत हैं, जिन्हें कम से कम न्यूनतम मजदूरी के आधार पर मानदेय दिया जाना चाहिए।

    प्रदेश अध्यक्ष सितारा परवीन ने चेतावनी दी कि—

    “यदि बकाया मानदेय और विभागीय गड़बड़ियों को जल्द नहीं सुधारा गया, तो राज्यव्यापी आंदोलन हमारी मजबूरी होगी। जरूरत पड़ी तो उग्र आंदोलन से भी पीछे नहीं हटेंगे।”

    वहीं जिला मंत्री सरिता देवी ने कहा कि अधिकार आंदोलन से ही मिलते हैं और जलसहियाएं अपने हक के लिए संघर्ष जारी रखेंगी।

    बैठक में सूरज मुनि किसकु, जमीला बेगम, सुमति मरांडी, हेमंती देवी, सुनीता देवी, सीता देवी, नीतू देवी, सोनी हेंब्रम, पिंकी देवी, मीना देवी, गीता देवी, ललिता देवी, किरण देवी, प्रमिला देवी, निशा देवी, शबनम परवीन, शकुनवा देवी सहित कई जलसहियाओं ने अपने विचार रखे और समस्याओं को खुलकर सामने रखा।

    बैठक के दौरान गिरिडीह और पीरटांड़ क्षेत्र की जलसहियाओं के बीच 400 कंबलों का वितरण भी किया गया, जिससे आयोजन में सामाजिक सरोकार की झलक भी देखने को मिली।

  • मर्सी हॉस्पिटल का निःशुल्क जांच शिविर, 150 से अधिक ग्रामीणों को मिला लाभ

    द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.

    गिरिडीह :  जिले के सुगासार गांव में मर्सी हॉस्पिटल, गिरिडीह द्वारा सामाजिक परिवर्तन संस्थान के सहयोग से एक  निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस जनहितकारी पहल में 150 से अधिक मरीजों की निःशुल्क जांच, चिकित्सकीय परामर्श और दवाइयों का वितरण किया गया, जिससे ग्रामीणों के चेहरे पर राहत और संतोष साफ नजर आया।

    शिविर में मर्सी हॉस्पिटल के अनुभवी चिकित्सक डॉ. पी. एच. मिश्रा एवं डॉ. प्रियंका ने मरीजों की गहन जांच की। सामान्य बीमारियों से लेकर अन्य स्वास्थ्य समस्याओं तक का समुचित परीक्षण किया गया। जरूरतमंद मरीजों को मौके पर ही आवश्यक दवाइयाँ निःशुल्क उपलब्ध कराई गईं। इतना ही नहीं, फॉलोअप के लिए आने वाले मरीजों को जांच व इलाज में 20 प्रतिशत की विशेष छूट देने की घोषणा भी की गई।

    ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोगों ने शिविर में पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। ग्रामीणों ने इस पहल को अत्यंत सराहनीय बताते हुए कहा कि ऐसे शिविर उनके लिए वरदान साबित होते हैं, जहां उन्हें शहर गए बिना विशेषज्ञ डॉक्टरों की सेवाएं मिल जाती हैं।

    इस अवसर पर सामाजिक परिवर्तन संस्थान की नियोती एवं संस्था के सचिव  उमेश तिवारी ने कहा कि

    “ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए मर्सी हॉस्पिटल का यह प्रयास बेहद महत्वपूर्ण है। भविष्य में भी ऐसे जनकल्याणकारी शिविर आयोजित किए जाते रहेंगे।”

    कार्यक्रम में गैस अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (GAIL) के महाप्रबंधक  अनिल कुमार की विशेष उपस्थिति ने आयोजन को और भी गरिमा प्रदान की।

    मर्सी हॉस्पिटल के सीईओ डॉ. पी. एच. मिश्रा ने कहा—

    “हमारा उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक बेहतर, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। जनसेवा में लगी संस्थाओं के साथ मिलकर मर्सी हॉस्पिटल आगे भी ऐसे स्वास्थ्य शिविर आयोजित करता रहेगा।”