EDITED BY: परवेज़ आलम
FOR THE NEWS POST4U
देवघर: गुरू पूर्णिमा के पावन अवसर पर देवघर जिले के दुम्मा स्थित झारखंड के प्रवेश द्वार पर पारंपरिक श्रद्धा और आधुनिक तकनीक के समावेश के साथ राजकीय श्रावणी मेले का शुभारंभ किया गया। उद्घाटन समारोह में पर्यटन मंत्री सुदिव्य कुमार, ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय, और श्रम नियोजन मंत्री संजय प्रसाद यादव बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। तीनों मंत्रियों ने संयुक्त रूप से पूजा-अर्चना कर फीता काटा और “हर-हर महादेव” के जयघोष के बीच मेले की शुरुआत की।
श्रद्धालुओं की सुविधा में तकनीक का सहारा.
उद्घाटन के दौरान मंत्री सुदिव्य कुमार ने कहा कि सरकार और जिला प्रशासन ने इस बार श्रावणी मेले को पहले से बेहतर और सुरक्षित बनाने की हरसंभव कोशिश की है। श्रद्धालुओं के सुगम दर्शन और यात्रा अनुभव को यादगार बनाने के लिए एआई (AI) आधारित सिस्टम लागू किया गया है। इसमें:
- AI चैटबॉट: यात्रियों की सहायता और मार्गदर्शन के लिए।
- QR कोड सिस्टम: जरूरी जानकारी स्कैन कर तुरंत उपलब्ध कराने के लिए।
- RFID ट्रैकिंग सिस्टम: छोटे बच्चों की सुरक्षा के लिए उन्हें ट्रेस और ट्रैक करने की सुविधा।

इन्फ्रास्ट्रक्चर विकास की योजना.
पर्यटन मंत्री ने बताया कि कांवरिया पथ को और सुगम बनाने के लिए सरकार की ओर से विस्तृत योजना बनाई गई है।
- खिजुरिया से मानसरोवर तट स्थित क्यू कॉम्प्लेक्स तक फूट ओवरब्रिज (FOB) का निर्माण प्रस्तावित है। यह सर्कुलर रोड पार करने में कांवरियों को हो रही असुविधा को दूर करेगा।
- दुम्मा से खिजुरिया तक के मार्ग को पहले ही सुविधाजनक बना दिया गया है, और अब इसके आगे मंदिर तक की सड़क को भी समर्पित कांवर पथ के रूप में विकसित किया जाएगा।
इससे न सिर्फ श्रद्धालुओं को आसानी होगी, बल्कि देवघर शहर की यातायात व्यवस्था भी पहले से ज्यादा सुव्यवस्थित हो जाएगी।
मंत्रियों ने जताया विश्वास और आभार.
ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय ने कहा कि बाबा बैद्यनाथ की कृपा से मेले के दौरान वर्षा भी हो रही है, जिससे श्रद्धालुओं के साथ-साथ किसानों को भी लाभ होगा। उन्होंने कहा, “हम सभी मिलकर मेले को सफल बनाएंगे।”
वहीं, श्रम नियोजन मंत्री संजय प्रसाद यादव ने कहा कि नगर विकास विभाग और जिला प्रशासन ने समर्पित भाव से मेले की व्यवस्था को बेहतर बनाने का प्रयास किया है।
प्रशासन की ओर से पुख्ता इंतजाम.
देवघर के उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा ने जानकारी दी कि इस बार सुरक्षित और सुगम जलार्पण की दिशा में हर संभव उपाय किए गए हैं। प्रशासन ने AI चैटबॉट, रियल टाइम सहायता, पानी और चिकित्सा की सुविधा, तथा यातायात नियंत्रण के लिए विशेष टीमें तैनात की हैं।
उद्घाटन में उमड़ा जनसैलाब.
पूजन और उद्घाटन समारोह के दौरान दुम्मा प्रवेश द्वार “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालु, स्थानीय नागरिक और अधिकारियों की उपस्थिति में माहौल भक्तिमय हो गया। इस आयोजन ने यह स्पष्ट कर दिया कि झारखंड सरकार पारंपरिक भावनाओं के साथ-साथ आधुनिक तकनीक के सहारे एक समर्पित और सशक्त व्यवस्था देने के लिए तत्पर है।







