Category: Jharkhand

  • गिरिडीह: तैलिक साहू सभा ने सावन मिलन समारोह में सजाई सांस्कृतिक और महिला सशक्तिकरण की रंगारंग झलक

    By: चंदन पांडेय

    Edited By: परवेज़ आलम

    For The News Post4u.

    गिरिडीह, 19 जुलाई 2025
    गिरिडीह जिला तैलिक साहू सभा (महिला प्रकोष्ठ) द्वारा शनिवार को हुट्टी बाजार प्रांगण में सावन मिलन समारोह का भव्य आयोजन किया गया। पारंपरिक उल्लास और सामाजिक एकता से सराबोर यह कार्यक्रम सावन के पावन अवसर पर महिलाओं के लिए एक खास संगम साबित हुआ।

    दीप प्रज्वलन और पुष्पांजली के साथ हुई शुरुआत.

    समारोह की शुरुआत महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष सुचिता देवी के नेतृत्व में दीप प्रज्ज्वलन और समाज के महान दानवीर भामाशाह जी की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। इस अवसर पर महिला महासचिव विनीता देवी समेत तमाम पदाधिकारी उपस्थित रहीं। इसके बाद सुरम्य गणेश वंदना से कार्यक्रम का औपचारिक उद्घाटन हुआ, जिसने वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

    सावन की पवित्रता और सांस्कृतिक सौंदर्य पर प्रकाश.

    कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अध्यक्ष सुचिता देवी ने सावन माह की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह महीना आध्यात्मिक ऊर्जा और प्रकृति के सौंदर्य का प्रतीक होता है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन न केवल सांस्कृतिक विरासत को जीवित रखते हैं, बल्कि महिलाओं को एकजुट कर उनके भीतर नेतृत्व और सामाजिक भागीदारी की भावना भी जागृत करते हैं।

    खेल, सौंदर्य प्रतियोगिता और सम्मान समारोह.

    समारोह के दौरान विभिन्न मनोरंजक खेल और सौंदर्य प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार और सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया, जिससे उनमें विशेष उत्साह और आत्मबल देखा गया।

    सक्रिय भागीदारी ने बनाया आयोजन सफल.

    कार्यक्रम की सफलता में महिला प्रकोष्ठ की सभी सदस्याओं ने मिलकर योगदान दिया। मीरा देवी, गीता देवी, मधु देवी, नीतू साहू, उपाध्यक्ष खुशबू कुमारी, सचिव पिंकी साह, शिल्पी साह, रूबी शाह, सुष्मिता शाह, रानी कुमारी, युवा अध्यक्ष सोनी साह, संगठन मंत्री डोली कुमारी, सुनीता देवी, सरस्वती देवी, कंचन कुमारी, किरण देवी, जयंती देवी, रंजू देवी, सीमा देवी, प्रमिला देवी और दीपा कुमारी जैसी सक्रिय कार्यकर्ताओं की उपस्थिति ने इस समारोह को यादगार बना दिया।

    महिला सशक्तिकरण की दिशा में सशक्त कदम.

    यह आयोजन महिला सशक्तिकरण, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण की दिशा में एक प्रेरणादायक पहल साबित हुआ। मंच संचालन सोनी साह ने अत्यंत आकर्षक और प्रभावशाली ढंग से किया, जबकि कोषाध्यक्ष माधुरी गुप्ता और पूनम साव ने आयोजन की व्यवस्था को सफलतापूर्वक संभाला।

    उल्लेखनीय उपस्थिति.

    कार्यक्रम में करीब 100 महिलाओं की सक्रिय भागीदारी रही, जिन्होंने सावन के इस पावन अवसर को भक्ति, उत्सव और मेल-मिलाप के रंगों से भर दिया।

    यह समारोह समाज में महिलाओं की भूमिका को सशक्त करने और पारंपरिक मूल्यों को जीवंत रखने की दिशा में एक अनुकरणीय उदाहरण बनकर सामने आया।

  • आम जनता में सुरक्षा का भाव बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता-एसपी

    For The News Post4u.

    गिरिडीह, 19 जुलाई 2025.
    पुलिस अधीक्षक कार्यालय स्थित सभागार में आज मासिक अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक  डॉक्टर बिमल कुमार  ने जिले भर के पुलिस पदाधिकारियों के साथ विभिन्न मामलों की समीक्षा करते हुए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए। गोष्ठी का उद्देश्य अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के निष्पादन और आम जन की सुरक्षा सुनिश्चित रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है ।

    1. लंबित कांडों की समीक्षा और निष्पादन.
      बैठक के दौरान जिले में लंबित आपराधिक मामलों की गहन समीक्षा की गई। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट रूप से निर्देश दिया कि ऐसे मामलों के शीघ्र निष्पादन के लिए सभी थाना प्रभारी गंभीर प्रयास करें और आवश्यकतानुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें।
    2. जन शिकायतों पर संवेदनशीलता.
      जनता की शिकायतों को गंभीरता से लेने और उनका शीघ्र समाधान करने पर बल दिया गया। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि लोगों की भरोसा कायम रखने के लिए प्रत्येक थाना स्तर पर पारदर्शिता और उत्तरदायित्व जरूरी है।
    3. श्रावण मास और कांवर यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था.
      आगामी श्रावण मास को देखते हुए कांवरियों के आवागमन के दौरान विशेष सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का आदेश दिया गया। साथ ही यह भी कहा गया कि कांवरियों को रास्ते में किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए जिला पुलिस द्वारा सभी आवश्यक इंतजाम किए जाएं।
    4. पुलिस हेल्पलाइन नंबरों का प्रचार.
      पुलिस अधीक्षक ने निर्देशित किया कि जिले के प्रमुख सड़कों पर फ्लैक्स लगवाए जाएं, जिन पर गिरिडीह पुलिस के संपर्क नंबर अंकित हों, ताकि आमजन आवश्यकता पड़ने पर तुरंत सहायता प्राप्त कर सकें।
    5. विधि-व्यवस्था बनाए रखने हेतु अन्य निर्देश.
      इसके अतिरिक्त शहर और ग्रामीण इलाकों में कानून व्यवस्था बनाए रखने, असामाजिक तत्वों पर नजर रखने और सामूहिक आयोजनों के दौरान सतर्कता बरतने जैसे अन्य अहम निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए।

    गोष्ठी में सभी थाना प्रभारियों, डीएसपी स्तर के अधिकारियों तथा विशेष शाखा के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में जुलाई माह की आपराधिक घटनाओं, अनुसंधान प्रगति, और आगामी धार्मिक आयोजनों को लेकर समेकित रणनीति पर चर्चा की गई।

    पुलिस अधीक्षक ने दोहराया कि कानून-व्यवस्था को दुरुस्त रखना और आम जनता में सुरक्षा का भाव बनाए रखना जिला पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

     

  • गिरिडीह:साइबर ठगी रैकेट का भंडाफोड़, दो आरोपी गिरफ्तार

    -मोबाइल ऐप के ज़रिए करते थे बैंक अकाउंट से पैसे गायब. 

    For The News Post4u.

    GIRIDIH: गिरिडीह जिले के अहिल्यापुर थाना क्षेत्र अंतर्गत नावाडीह गांव के डंगाल इलाके में शुक्रवार को साइबर अपराधियों के एक सक्रिय नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ। पुलिस अधीक्षक को प्रतिबिम्ब पोर्टल के माध्यम से प्राप्त गुप्त सूचना के आधार पर गिरिडीह साइबर थाना की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए छापेमारी कर दो साइबर ठगों को गिरफ्तार कर लिया।

    गिरफ्तार आरोपी –देवघर से है.

    पकड़े गए आरोपियों की पहचान मनीष कुमार मंडल और मिथुन कुमार मंडल  के रूप में हुई है। दोनों आरोपी झारखंड के देवघर जिले के मारगोमुण्डा थाना क्षेत्र स्थित खिजुरियाटाड़ गांव के निवासी हैं।

    फर्जी मोबाइल एप्स बना था ठगी का हथियार.

    पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि दोनों युवक फर्जी मोबाइल ऐप्स जैसे:

    • Delhi Jal Board Update.apk
    • Electricity Bill Update.apk
    • NDMC Bill Update.apk

    …को आम नागरिकों के मोबाइल पर भेजते थे। जब लोग इन ऐप्स को डाउनलोड करते थे, तो उनके फोन हैक हो जाते थे। इसके बाद अपराधी उनके मोबाइल के माध्यम से बैंक खाते से पैसे निकाल लेते थे। यह एक सोची-समझी और तकनीकी रूप से अत्याधुनिक साइबर ठगी की साजिश थी।

    तकनीकी सबूत भी बरामद.

    पुलिस ने आरोपियों के पास से 8 मोबाइल फोन और 9 सक्रिय सिम कार्ड बरामद किए हैं। जब्त मोबाइल नंबरों की जांच में पता चला है कि इन पर कम से कम 7 साइबर ठगी के मामले पहले से दर्ज हैं, जिससे स्पष्ट है कि आरोपी लंबे समय से इस नेटवर्क का संचालन कर रहे थे।

    कानूनी कार्रवाई जारी.

    इस पूरे मामले में गिरिडीह साइबर थाना मे  मामला दर्ज की गई है। पुलिस इन आरोपियों से जुड़े अन्य नेटवर्क की भी जांच कर रही है और इनके गिरोह में शामिल अन्य अपराधियों की तलाश जारी है। इस छापेमारी दल का नेतृत्व साइबर क्राइम डीएसपी आबिद खान  ने किया। गिरिडीह पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे अनजान लिंक या मोबाइल एप्लिकेशन को डाउनलोड करने से बचें। यदि कोई संदिग्ध मैसेज या कॉल आता है, तो तुरंत नजदीकी साइबर थाना या हेल्पलाइन पर इसकी सूचना दें।

     

  • सलूजा गोल्ड इंटरनेशनल स्कूल में आपदा प्रबंधन के तहत फायर मॉक ड्रिल आयोजित, छात्रों ने सीखा आग से निपटने का तरीका

    By : बिनोद कुमार

    For The News Post4u.

    गिरिडीह : सलूजा गोल्ड इंटरनेशनल स्कूल में एक फायर मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य छात्रों और स्टाफ को आग लगने जैसी आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए प्रशिक्षित करना था। यह कार्यक्रम विद्यालय के वार्षिक आपदा प्रबंधन अभ्यास का हिस्सा था।

    कार्यक्रम में अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने अहम भूमिका निभाई। फायर ऑफिसर रंजीत कुमार पांडेय और अग्निशमन पदाधिकारी शशिभूषण सिंह के नेतृत्व में दमकलकर्मियों की टीम ने छात्रों और शिक्षकों को आग बुझाने की तकनीक, आग लगने के कारण और उससे बचाव के उपायों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यदि सही तकनीक और संयम का पालन किया जाए, तो किसी भी अग्निकांड पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।

    मॉक ड्रिल के दौरान छात्रों को आग बुझाने वाले उपकरणों के उपयोग का प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही एलपीजी सिलेंडर में आग लगने की स्थिति में क्या करें, इसके बारे में एक लाइव डेमो के माध्यम से विस्तार से समझाया गया। अग्निशमन दल ने यह भी बताया कि ऐसी स्थिति में घबराने की बजाय सीढ़ियों का उपयोग करना चाहिए, लिफ्ट से बचना चाहिए और तुरंत 101 या 112 नंबर पर कॉल कर सूचना देनी चाहिए।

    स्कूल की प्राचार्या ममता शर्मा ने प्रशिक्षण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस प्रकार के अभ्यास छात्रों और कर्मचारियों को आपातकालीन स्थिति में न सिर्फ आत्मरक्षा बल्कि दूसरों की भी रक्षा करने योग्य बनाते हैं। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के प्रति सजग रहना आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है।

    फायर ब्रिगेड की टीम ने शॉर्ट सर्किट, गैस लीक और अन्य संभावित कारणों से होने वाली आग के विषय में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने यह भी बताया कि कैसे सामान्य और स्थानीय रूप से उपलब्ध वस्तुओं की मदद से आग पर प्रारंभिक नियंत्रण पाया जा सकता है।

    विद्यालय के प्रबंध निदेशक जोरावर सलूजा ने कार्यक्रम में भाग लेने वाले सभी अग्निशमन अधिकारियों और कर्मचारियों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार का व्यावहारिक प्रशिक्षण न केवल बच्चों में आत्मविश्वास पैदा करता है, बल्कि भविष्य में किसी भी आपदा की स्थिति में उनसे सजग और जिम्मेदार नागरिक बनने की उम्मीद की जा सकती है।

    फायर मॉक ड्रिल में स्कूल के सभी शिक्षक, कर्मचारी और विद्यार्थी उत्साहपूर्वक शामिल हुए और अग्नि सुरक्षा के दिशा-निर्देशों का गंभीरता से पालन करते हुए मॉक ड्रिल में भाग लिया।

  • झारखंड पुलिस का रिपोर्ट कार्ड: माओवादी, साइबर और संगठित अपराध पर निर्णायक कार्रवाई, छह महीनों में दिखा असर

    रांची | राज्य ब्यूरो | 18 जुलाई 2025

    झारखंड पुलिस ने राज्य में माओवाद, साइबर ठगी, संगठित अपराध और मादक पदार्थ तस्करी जैसे अपराधों के खिलाफ बीते छह महीनों (जनवरी से जून 2025) में प्रभावी कार्रवाई कर अहम उपलब्धियां दर्ज की हैं। शुक्रवार को पुलिस मुख्यालय में आईजी अभियान डॉ. माइकल राज एस. ने इस छः माह की उपलब्धियों का रिपोर्ट कार्ड मीडिया के सामने प्रस्तुत किया।

    ▶ माओवादियों पर शिकंजा, बड़ी कार्रवाइयां.

    आईजी ने बताया कि राज्य में अब केवल 100 माओवादी-उग्रवादी ही सक्रिय बचे हैं, जिनमें 75 की मौजूदगी सारंडा (चाईबासा) क्षेत्र में है। बाकी 25 माओवादी अन्य जिलों में फैले हैं।

    इन छह महीनों में:

    • 197 माओवादियों को गिरफ्तार किया गया।
    • 10 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया।
    • 17 माओवादी मुठभेड़ों में मारे गए, जिनमें एक करोड़ के इनामी प्रयाग मांझी, अरविंद यादव, साहेब राम मांझी, विनय गंझू और जेजेएमपी प्रमुख पप्पू लोहरा जैसे शीर्ष नेता शामिल हैं।
    • 113 हथियार बरामद हुए, जिनमें 31 हथियार पुलिस से लूटे गए थे।

    राज्य के कई माओवादी प्रभावित क्षेत्रों—जैसे पारसनाथ, बूढ़ा पहाड़, बुंडू-तमाड़ और चतरा-गया जोन को उग्रवाद मुक्त घोषित कर दिया गया है। उग्रवाद प्रभावित जिलों की संख्या घटकर 9 रह गई है, जिनमें मुख्य रूप से चाईबासा और लातेहार शामिल हैं।

    ▶ साइबर अपराध पर सख्त कार्रवाई.

    जनवरी से जून 2025 तक साइबर अपराध पर पुलिस ने खास ध्यान दिया:

    • 620 केस दर्ज किए गए, जिनमें 767 साइबर अपराधी गिरफ्तार हुए।
    • 54.35 लाख रुपये नकद, 1664 सिम कार्ड, 1283 मोबाइल, 135 एटीएम कार्ड, और कई वाहन जब्त किए गए।
    • साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर 11,910 शिकायतें दर्ज हुईं।
    • पुलिस ने 15.90 करोड़ रुपये फ्रीज किए और कोर्ट के माध्यम से 83.84 लाख रुपये पीड़ितों को वापस दिलवाए।

    ▶ मादक पदार्थों के विरुद्ध अभियान.

    मई 2025 तक पुलिस ने 389 केस दर्ज कर 393 आरोपियों को जेल भेजा। जब्त किए गए मादक पदार्थों का बाजार मूल्य करीब 20.44 करोड़ रुपये आंका गया:

    • 553 किलो गांजा,
    • 66 किलो अफीम,
    • 2.49 किलो ब्राउन शुगर,
    • 9950 किलो डोडा,
    • 7925 टैबलेट्स शामिल हैं।

    ▶ संगठित अपराध और आतंकवाद के खिलाफ सख्ती.

    झारखंड पुलिस की एंटी टेररिज्म स्क्वाड (ATS) और अन्य इकाइयों ने चार प्रमुख संगठित आपराधिक गिरोहों पर कार्रवाई करते हुए:

    • 12 अपराधियों को गिरफ्तार किया।
    • जिनमें पांडेय गिरोह, अमन साहू गिरोह, सुजीत सिन्हा गिरोह, और अमन श्रीवास्तव गिरोह के सदस्य शामिल थे।
    • चार हथियार और 21 कारतूस जब्त किए गए।

    धनबाद से प्रतिबंधित आतंकी संगठन हिज्ब उत तहरीर के पांच सक्रिय सदस्य भी गिरफ्तार किए गए।

    ▶ पुलिस कल्याण और प्रोन्नति में प्रगति.

    • झारखंड पुलिस सहायता एवं कल्याण कोष से 622 परिवारों को ₹1.67 करोड़ की मदद दी गई।
    • 108 आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति मिली।
    • 64 पुलिस इंस्पेक्टर को डीएसपी, और 9 एएसआई को सब-इंस्पेक्टर रैंक में प्रोन्नति दी गई।

    ▶ खेल में भी पुलिस का परचम.

    • झारखंड पुलिस को राष्ट्रीय स्तर पर एक गोल्ड, चार सिल्वर और कई ब्रॉन्ज मेडल प्राप्त हुए।
    • कोच्चि में ऑल इंडिया पुलिस बैडमिंटन व टेबल टेनिस प्रतियोगिता में 5 कांस्य पदक।
    • 38वें नेशनल गेम्स (उत्तराखंड) में 2 स्वर्ण, 1 रजत और 1 कांस्य पदक पुलिस खिलाड़ियों ने झटके।

    आईजी डॉ. माइकल ने कहा कि यह रिपोर्ट झारखंड पुलिस की प्रतिबद्धता, सक्षमता और सुधार की दिशा में जारी प्रयासों का प्रमाण है। पुलिस विभाग का फोकस आगे भी अपराधियों पर नकेल कसने और जनता को सुरक्षित माहौल देने पर रहेगा।

     

  • नगर निकाय चुनाव में देरी पर हाईकोर्ट सख्त : सरकार पर संवैधानिक तंत्र को कुचलने का आरोप, मुख्य सचिव को किया तलब

    By : परवेज़ आलम.

    For The News Post4u.

    रांची ब्यूरो | 18 जुलाई 2025

    झारखंड में नगर निकाय चुनाव में लगातार हो रही देरी को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को कड़ी फटकार लगाई है। जस्टिस आनंद सेन की एकल पीठ ने शुक्रवार को सुनवाई के दौरान सरकार पर न्यायालय के आदेश की अवहेलना का आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य प्रशासन लोकतंत्र की मूल भावना और कानून के शासन (Rule of Law) का गला घोंट रहा है।

    अदालत ने इस मामले में राज्य के मुख्य सचिव को 25 अगस्त 2025 को व्यक्तिगत रूप से पेश होने का आदेश दिया है ताकि उनके खिलाफ अवमानना की कार्रवाई शुरू की जा सके। इस दौरान कोर्ट ने राज्य सरकार के रवैये को “जानबूझकर टालमटोल करने वाला और गैर-जिम्मेदार” बताया।

    ❖ अदालत की तीखी टिप्पणियां:

    सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने कहा:

    “राज्य सरकार ने न्यायालय के स्पष्ट आदेश की अवहेलना करते हुए संवैधानिक तंत्र को ठप्प कर दिया है। यह न केवल अदालत की अवमानना है, बल्कि यह लोकतंत्र और विधिसम्मत शासन के खिलाफ एक गंभीर हमला है।”

    ❖ मुख्य सचिव को अवमानना का नोटिस:

    पूर्व पार्षद रोशनी खलखो की ओर से दायर अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने कहा कि सरकार ने पहले खुद चार महीने में चुनाव कराने की गारंटी दी थी, लेकिन वह मियाद भी खत्म हो चुकी है। अब सरकार यह तर्क दे रही है कि राज्य चुनाव आयोग से मतदाता सूची नहीं मिली है, जबकि आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि 25 मार्च से राज्य चुनाव आयुक्त का पद रिक्त है, जिसके कारण सूची जारी नहीं हो सकी।

    इस पर अदालत ने तल्ख टिप्पणी करते हुए कहा:

    “जब चुनाव आयुक्त की नियुक्ति राज्य सरकार की जिम्मेदारी है, तो नियुक्ति में देरी क्यों? यह अदालत के आदेश की अवमानना का एक नायाब तरीका है।”

    ❖ सरकार का रवैया लोकतंत्र विरोधी: याचिकाकर्ता.

    याचिकाकर्ता के वकील विनोद सिंह ने कहा कि यह स्पष्ट है कि राज्य सरकार चुनाव प्रक्रिया में जानबूझकर देरी कर रही है। इससे स्थानीय निकायों का कामकाज प्रभावित हो रहा है और जनता की भागीदारी को नजरअंदाज किया जा रहा है।

    ❖ पहले भी मिला था आदेश, फिर भी नहीं हुई कार्रवाई.

    • 4 जनवरी 2024 को हाईकोर्ट ने सरकार को 3 सप्ताह के भीतर निकाय चुनाव की अधिसूचना जारी करने का आदेश दिया था।
    • सरकार ने इस आदेश के खिलाफ डिवीजन बेंच में अपील की, जिसे खंडपीठ ने खारिज कर दिया।
    • इसके बाद मुख्य सचिव की ओर से अदालत को 4 महीने में चुनाव कराने की अंडरटेकिंग दी गई थी, जो अब समाप्त हो चुकी है।

    ❖ चुनाव न होने से अफसरों के हवाले प्रशासन.

    चुनाव न होने के चलते फिलहाल राज्य के 49 नगरीय निकायों का संचालन निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के बजाय नियुक्त अधिकारियों के हाथों में है। इनमें शामिल हैं:

    • नगर निगम (9): रांची, धनबाद, हजारीबाग, मेदिनीनगर, गिरिडीह, देवघर, चास, आदित्यपुर, मानगो।
    • नगर परिषद (21): चाईबासा, दुमका, गोड्डा, साहिबगंज, रामगढ़ आदि।
    • नगर पंचायत (19): जामताड़ा, खूंटी, चाकुलिया, लातेहार, हुसैनाबाद आदि।

    ❖ ट्रिपल टेस्ट रिपोर्ट का बहाना?

    राज्य सरकार बार-बार निकाय चुनाव में देरी के लिए ‘ट्रिपल टेस्ट’ प्रक्रिया की अधूरी रिपोर्ट को जिम्मेदार ठहरा रही है। हालांकि कोर्ट ने इस पर भी सवाल उठाया है कि आखिर इतनी लंबी अवधि में प्रक्रिया पूरी क्यों नहीं की गई?

    अगली सुनवाई 25 अगस्त को होगी, जिसमें मुख्य सचिव के खिलाफ औपचारिक आरोप तय किए जा सकते हैं। अगर कोर्ट को सरकार का जवाब संतोषजनक नहीं लगा, तो यह मामला राज्य के लिए बड़ा संवैधानिक संकट बन सकता है।

  • चेक बाउंस मामले में रविन्द्र कुमार पांडेय गिरफ्तार, श्री लंगटा बाबा स्टील की शिकायत पर हुई कार्रवाई

    गिरिडीह : श्री लंगटा बाबा स्टील प्राइवेट लिमिटेड उदनाबाद को फर्जी चेक भुगतान के मामले में अनमोल ट्रेडर्स के संचालक डुमरी के राँगामाटी निवासी रविन्द्र कुमार पांडेय को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरिडीह कोर्ट से वारंट जारी होने के बाद शुक्रवार को डुमरी थाना क्षेत्र से उनकी गिरफ्तारी हुई।

    आरोप है कि अनमोल ट्रेडर्स के संचालक रविन्द्र कुमार पांडेय ने श्री लंगटा बाबा स्टील प्राइवेट लिमिटेड से छड़ की खरीदारी के बदले आठ लाख सत्तर हजार पांच सौ बासठ रुपये का चेक दिया था, जो बार-बार बैंक में जमा करने के बावजूद बाउंस हो गया।

    मामले में कंपनी के प्रतिनिधि हिमांशु प्रियदर्शी ने आरोपी के खिलाफ 138 एनआई एक्ट के तहत न्यायालय में वाद दायर किया था। चेक बाउंस की घटना 4 अप्रैल 2024 से लेकर 24 जून 2024 तक कई बार दोहराई गई।

    बताया गया कि कई बार मौखिक और कानूनी नोटिस के बावजूद भुगतान नहीं करने पर अदालत में मामला दाखिल किया गया। इसके बाद न्यायालय से वारंट जारी हुआ और पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार मामले की जांच जारी है और जल्द ही अन्य कानूनी औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी।

  • झारखंड में ‘जोहार’ योजना से ग्रामीण महिलाएं बन रहीं हैं बदलाव की अगुवा, 2.1 करोड़ डॉलर का कारोबार और आत्मनिर्भरता की मिसाल

     By : परवेज़ आलम.
    झारखंड की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में एक नई क्रांति की शुरुआत हो चुकी है। राज्य सरकार द्वारा वर्ल्ड बैंक के सहयोग से संचालित ‘जोहार योजना’  (Jharkhand Opportunities for Harnessing Rural Growth – JOHAR) न केवल महिलाओं को संगठित कर रही है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर भी बना रही है। यह योजना राज्य की लाखों महिलाओं को खेती-बाड़ी और कृषि आधारित आजीविका में निर्णायक भूमिका निभाने के लिए सशक्त बना रही है।

    कांके की आशा देवी: आत्मनिर्भरता की मिसाल.
    इस बदलाव का चेहरा बनी हैं कांके की आशा देवी, जो आज एक उत्पादक समूह की अध्यक्ष हैं। कभी परंपरागत खेती कर घर की सीमाओं में सिमटी आशा देवी, आज हजारों महिलाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बन चुकी हैं। उन्होंने बताया कि पहले उनकी खेती केवल घरेलू उपयोग तक सीमित थी। लेकिन जब वह ‘जोहार’ कार्यक्रम के तहत बनाए गए उत्पादक समूह से जुड़ीं, तो उन्हें अपनी उपज को संगठित रूप से बाजार तक ले जाने और लाभ कमाने का मार्ग मिला।

    2.1 करोड़ डॉलर का कारोबार, 4,000 उत्पादक समूहों की भागीदारी.
    महज चार वर्षों में महिला नेतृत्व वाले 21 किसान उत्पादक संगठनों (FPOs), जो लगभग 4,000 उत्पादक समूहों का प्रतिनिधित्व करते हैं, ने मिलकर करीब 2.1 करोड़ अमेरिकी डॉलर का कारोबार कर दिखाया है। इन संगठनों के माध्यम से महिलाएं अब फलों, सब्जियों और पशुपालन जैसे लाभकारी क्षेत्रों में काम कर रही हैं। कई परिवारों की आय में 35% से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई है।

    सरकार, वर्ल्ड बैंक और FAO का समन्वय.
    यह योजना झारखंड राज्य आजीविका संवर्धन सोसाइटी (JSLPS) के माध्यम से ग्रामीण विकास विभाग के नेतृत्व में लागू की जा रही है और इसे वर्ल्ड बैंक वित्त पोषित कर रहा है। साथ ही संयुक्त राष्ट्र के खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) ने इसकी डिजाइन और क्रियान्वयन में तकनीकी मदद दी है। इस संयुक्त प्रयास ने राज्य की 2 लाख ग्रामीण महिलाओं को नई दिशा दी है।

    तकनीक और आधुनिक खेती की ओर कदम.
    जोहार योजना के तहत छोटे किसान अब ऐप आधारित कस्टम हायरिंग सेंटरों से ट्रैक्टर, थ्रेसर और आधुनिक कृषि उपकरण किराये पर ले सकते हैं। ‘एग्री-मार्ट’ की सुविधा से उन्हें बीज, खाद और जरूरी कृषि सामग्री एक ही जगह मिलती है, जिससे उत्पादकता और मुनाफा दोनों बढ़ा है।

    सफलता का नया नाम: सरहुल आजीविका कंपनी.
    आशा देवी और अन्य महिला नेताओं के नेतृत्व में गठित सरहुल आजीविका किसान उत्पादक कंपनी लिमिटेड आज एक सशक्त संस्था बन चुकी है। इसमें अब 14,000 से अधिक महिलाएं भागीदार हैं, जिनकी कंपनी में वित्तीय हिस्सेदारी भी है। यह कंपनी उत्पादन से लेकर विपणन तक, हर मोर्चे पर ग्रामीण महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित कर रही है।

    सीएम हेमंत सोरेन की सराहना
    मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी इन महिलाओं की उपलब्धियों की सराहना करते हुए ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर लिखा –

    “झारखंड की मेरी माताएं-बहनें आज सशक्त हो आगे बढ़ रही हैं। आप सभी आगे बढ़ते रहें, आपका यह बेटा और भाई हमेशा आपके साथ है।”

    वर्ल्ड बैंक इंडिया का संदेश.
    वर्ल्ड बैंक इंडिया ने भी इन महिला उत्पादक समूहों की सफलता को ‘एक्स’ पर साझा करते हुए कहा –

    “यह इस बात का प्रमाण है कि महिलाओं में किया गया निवेश किस तरह आजीविका और कृषि-खाद्य प्रणालियों को नया रूप दे सकता है।”

    ‘जोहार’ योजना केवल एक विकास परियोजना नहीं, बल्कि झारखंड के ग्रामीण समाज की स्त्रियों को नया जीवन देने वाली आंदोलन बन चुकी है। यह बदलाव इस बात का संकेत है कि जब महिलाओं को संसाधन, प्रशिक्षण और अवसर मिलते हैं, तो वे पूरे समाज की आर्थिक रीढ़ बन सकती हैं।

  • तरुण गुप्ता की भाजपा में वापसी: संथाल में संगठन को मजबूती देने का संकल्प

    By The News Post4u.

    गिरिडीह, झारखंड: जामताड़ा विधानसभा से चुनाव लड़ चुके एवं वर्तमान में बीस सूत्री कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति के उपाध्यक्ष तरुण गुप्ता ने गुरुवार को एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया। उन्होंने अपने कई समर्थकों के साथ गिरिडीह में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।

    बरगंडा में हुआ सदस्यता समारोह.

    यह कार्यक्रम गिरिडीह के बरगंडा पावर हाउस स्थित बाबूलाल मरांडी के आवास पर संपन्न हुआ। मौके पर जामताड़ा जिला भाजपा अध्यक्ष सुमित शरण समेत पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे। पार्टी में पुनः शामिल होते हुए तरुण गुप्ता ने स्पष्ट किया कि वे भाजपा की नीतियों और सिद्धांतों से प्रभावित होकर ही फिर से पार्टी में लौटे हैं।

    मरांडी बोले – तरुण की वापसी से पार्टी को मिलेगा नया जोश.

    भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने इस मौके पर कहा –

    “तरुण गुप्ता जैसे कर्मठ, जुझारू और सामाजिक सरोकारों से जुड़े नेता की वापसी न केवल जामताड़ा बल्कि पूरे संथाल परगना और झारखंड में संगठन को नई ऊर्जा देगी। वे हमेशा से गरीबों, वंचितों और ज़रूरतमंदों की आवाज़ बनते रहे हैं।”

    मरांडी ने यह भी विश्वास जताया कि आने वाले समय में तरुण गुप्ता पार्टी की मजबूती में निर्णायक भूमिका निभाएंगे।

    तरुण गुप्ता का संकल्प – संथाल को बनाएंगे भाजपा का गढ़.

    पार्टी में शामिल होने के बाद तरुण गुप्ता ने कहा:

    “मैं भाजपा की विचारधारा, राष्ट्रवाद और विकास के प्रति प्रतिबद्धता से प्रेरित होकर पार्टी में लौटा हूं। अब मेरा लक्ष्य जामताड़ा ही नहीं, बल्कि पूरे संथाल परगना क्षेत्र में पार्टी को नई मजबूती देना है।”

    उन्होंने यह भी कहा कि वे ज़मीनी स्तर पर जनता से जुड़कर संगठन को मजबूत करेंगे और आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा को निर्णायक सफलता दिलाने के लिए काम करेंगे।

    पार्टी कार्यकर्ताओं का उत्साह, वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी.

    इस मौके पर कई भाजपा नेता उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से बिनय सिंह ,महादेव दुबे, अशोक उपाध्याय, महेंद्र वर्मा, सुभाष सिन्हा, नवीन सिन्हा, मनोज संघई, रंजीत रॉय और कुमार गौरव शामिल थे। सभी नेताओं ने एक स्वर में तरुण गुप्ता का स्वागत करते हुए उन्हें पूर्ण समर्थन का भरोसा दिलाया।

    राजनीतिक मायने.

    तरुण गुप्ता की भाजपा में वापसी को संथाल क्षेत्र में पार्टी के विस्तार की रणनीति के हिस्से के तौर पर देखा जा रहा है। जामताड़ा जैसे क्षेत्र जहां भाजपा अब तक अपेक्षाकृत कमजोर रही है, वहां उनके जैसे लोकप्रिय चेहरे की सक्रियता पार्टी को बड़ा राजनीतिक फायदा दिला सकती है।

     

  • कल्पना सोरेन का गांडेय दौरा: महिलाओं को आत्मनिर्भरता की सौगात, विकास योजनाओं की झलक

    बिनोद कुमार.

    Edited By : परवेज़ आलम.

    For The News Poat4u.

    गिरिडीह, झारखंड:  गांडेय विधानसभा क्षेत्र में गुरुवार का दिन विकास, महिला सशक्तिकरण और प्रेरणा से भरा रहा, जब क्षेत्रीय विधायक और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की धर्मपत्नी कल्पना सोरेन ने एक दिवसीय दौरे के दौरान कई योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया। उन्होंने गांव-गांव जाकर न केवल विकास कार्यों का जायजा लिया, बल्कि युवाओं और महिलाओं से संवाद कर उन्हें आत्मनिर्भरता और शिक्षा के लिए प्रेरित किया।

    महिलाओं के हाथों में आर्थिक मजबूती की बागडोर.

    दौरे की शुरुआत कर्णपुरा पंचायत में सखी मंडल  की दीदियों द्वारा संचालित आटा उत्पादन केंद्र के निरीक्षण से हुई। कल्पना सोरेन ने झारखंड सरकार की “अबुआ सरकार” की सराहना करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में ग्रामीण महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं और आज वे अपने पैरों पर खड़ी होकर आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं।

    इस दौरान चपुआडीह पंचायत भवन  में जेएसएलपीएस के तहत गठित सखी मंडलों के बीच 2 लाख 63 हजार रुपये की परिसंपत्तियों का वितरण किया गया। इसके अलावा जेएलपीएस  द्वारा निर्मित आटा मील और वन विभाग द्वारा बनाए गए रेस्ट हाउस का भी उद्घाटन किया गया।

    24.90 करोड़ की लागत से बनेगा महिला इंटर कॉलेज, स्टेडियम की भी सौगात.

    गांडेय विधानसभा के अंतर्गत बेंगाबाद प्रखंड के महुआर गांव  में कल्पना सोरेन ने 24.90 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले महिला इंटर कॉलेज  की आधारशिला रखी। वहीं कर्णपुरा पंचायत  में 6 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मिनी स्टेडियम का शिलान्यास भी किया गया।

    ग्रामीणों के बीच 10 लाख रुपये  की परिसंपत्ति का वितरण कर कल्पना सोरेन ने यह भी संदेश दिया कि झारखंड सरकार गांवों के विकास और महिलाओं की आर्थिक मजबूती को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।

    बेंगाबाद +2 स्कूल में छात्रों से संवाद: शिक्षा ही असली ताकत.

    दौरे का एक अहम पड़ाव रहा बेंगाबाद +2 उच्च विद्यालय, जहां कल्पना सोरेन ने विद्यार्थियों के साथ संवाद कर उन्हें शिक्षा के प्रति प्रेरित किया। एक मोटिवेशनल सत्र  के दौरान उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि कठिन परिश्रम, अनुशासन और आत्मविश्वास ही सफलता की असली कुंजी हैं।

    “जीवन में सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। पढ़ाई के प्रति ईमानदारी और निरंतर प्रयास ही आपको आगे ले जा सकते हैं,” – कल्पना सोरेन ने विद्यार्थियों से कहा।

    छात्रों ने भी खुलकर सवाल पूछे और कल्पना सोरेन ने सहजता से हर सवाल का उत्तर देकर उनका आत्मबल बढ़ाया। यह सत्र छात्रों के लिए प्रेरणादायक साबित हुआ।

    अधिकारियों के साथ समन्वय और योजनाओं की समीक्षा.

    गिरिडीह पहुंचने के बाद कल्पना सोरेन ने सबसे पहले परिषदन भवन  में जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ बैठक कर विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी योजनाओं का लाभ हर ज़रूरतमंद तक समयबद्ध रूप से पहुँचे।

    उपस्थित रहे कई वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि.

    इस मौके पर उपायुक्त राम निवास यादव, एसपी डॉ. विमल कुमार, डीडीसी स्मृता कुमारी, डीएसई वसीम अहमद, झामुमो जिलाध्यक्ष संजय सिंह, प्रणव वर्मा  समेत कई वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षकगण और स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

    जनता से जुड़ाव और सकारात्मक माहौल.

    कल्पना सोरेन का यह दौरा केवल योजनाओं तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह लोगों के बीच एक भावनात्मक जुड़ाव और भरोसे का प्रतीक भी बना। चाहे सखी मंडल की दीदियों से बातचीत हो, बच्चों को प्रेरणा देना हो या अधिकारियों से योजनाओं की समीक्षा – हर पहलु में कल्पना सोरेन का जमीनी जुड़ाव झलका।

    गांडेय में यह दौरा महिलाओं, युवाओं और ग्रामीण विकास के लिए एक सार्थक कदम के रूप में देखा जा रहा है, जिससे क्षेत्र में सकारात्मक माहौल बना और अब आने वाले समय में इसके प्रभाव भी ज़मीन पर नज़र आएंगे।