द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.
गिरिडीह : नगर निकाय चुनाव 2026को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। स्थानीय हनी हॉली ट्रिनिटी पब्लिक स्कूल, गिरिडीह में मतगणना कार्य में प्रतिनियुक्त मतगणना सहायकों एवं मतगणना पर्यवेक्षकों का जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
यह सिर्फ एक औपचारिक प्रशिक्षण नहीं था, बल्कि लोकतंत्र के सबसे अहम चरण—मतगणना—को पारदर्शी और त्रुटिहीन बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम था। निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कुल 255 कर्मियों को प्रशिक्षण दिया गया। इन सभी को राज्य निर्वाचन आयोग, राँची द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देशों, कर्तव्यों और जिम्मेदारियों की विस्तार से जानकारी दी गई।
विशेषज्ञ मास्टर ट्रेनरों ने मतगणना हॉल के प्रोटोकॉल, सुरक्षा मानकों और प्रक्रियाओं को विस्तार से समझाया। प्रपत्र-19 (भाग-1) का डेमों प्रस्तुत कर यह बताया गया कि मतगणना के दौरान दस्तावेजों का संधारण किस प्रकार किया जाएगा। प्रशिक्षण कक्ष में फ्लैक्स और नमूना मतपत्रों के माध्यम से वैध और अवैध मतपत्रों की पहचान की बारीकियों पर विशेष जोर दिया गया, ताकि किसी भी प्रकार की त्रुटि या विवाद की संभावना को न्यूनतम किया जा सके।
प्रशिक्षण कार्यक्रम का नेतृत्व प्रशिक्षण कोषांग के प्रभारी पदाधिकारी-सह-जिला शिक्षा अधीक्षक श्री मुकुल राज ने किया। वहीं सदर अनुमंडल पदाधिकारी श्री श्रीकांत विस्पुते ने प्रशिक्षण सत्र का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और आवश्यक निर्देश दिए।
प्रशिक्षण कोषांग के संचालन में विजयेन्द्र सेठ, राम सिंह और आलोक कुमार ने सक्रिय सहयोग दिया। मास्टर ट्रेनरों की टीम में रामदेव वर्मा, प्रणय मिश्रा, मनोज तिवारी और फैजुल हक सहित अन्य प्रशिक्षकों ने अहम भूमिका निभाई। प्रशिक्षण केंद्र के प्रभारी के रूप में अतिरिक्त जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (समग्र शिक्षा) श्री प्रकाश कुमार उपस्थित रहे।
जिला प्रशासन का स्पष्ट संदेश है—मतगणना की प्रक्रिया न केवल तेज होगी, बल्कि पूरी तरह पारदर्शी और नियमसम्मत भी। क्योंकि लोकतंत्र की असली कसौटी मतदान नहीं, बल्कि निष्पक्ष मतगणना होती है।






