झारखंड: 59 लाख लोगों का समर्थन पार्टी के पास-बाबू लाल मारंडी

रांची: झारखंड में विधानसभा चुनावों के बाद भाजपा अपने संगठन महापर्व को 22 दिसंबर से विधिवत रूप से शुरू करने जा रही है। इस महापर्व के माध्यम से पार्टी ने राज्य के हर कोने तक अपनी पहुंच मजबूत करने का लक्ष्य तय किया है। संगठन के इस बड़े अभियान से पहले 15 और 16 दिसंबर को सभी जिलों में कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी, जिसमें प्रदेश नेतृत्व सक्रिय रूप से भाग लेगा। इसके बाद, 18 और 19 दिसंबर को सभी 515 मंडलों में कार्यशालाएं होंगी।

अटल जयंती पर विशेष सदस्यता कार्यक्रम
पार्टी ने झारखंड के निर्माता और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती, 25 दिसंबर को, सदस्यता के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया है। यह पहल पार्टी के संगठनात्मक विस्तार और उसकी विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास है।

“सदस्यता अभियान संगठन का महापर्व है”
झारखंड सदस्यता अभियान की प्रभारी और आंध्र प्रदेश भाजपा की अध्यक्ष सांसद डी. पुरंदेश्वरी ने कार्यशाला में कहा कि भाजपा का सदस्यता अभियान महज एक आयोजन नहीं, बल्कि एक उत्सव है। उन्होंने इसे पार्टी के “महापर्व” का दर्जा देते हुए कहा, “2014 में जब सदस्यता अभियान शुरू हुआ था, तब हमने 9 करोड़ सदस्यों का लक्ष्य हासिल किया था। आज, देशभर में यह संख्या 11.35 करोड़ तक पहुंच गई है। झारखंड में इस अभियान को फिर से शुरू करने के बाद यह संख्या 14 करोड़ के करीब जा सकती है।”

पुरंदेश्वरी ने यह भी बताया कि सदस्यता महापर्व का मुख्य उद्देश्य भाजपा को “सर्व स्पर्शी, सर्व व्यापी, और सर्व समावेशी” बनाना है।

“जनता का आशीर्वाद बना हमारी ताकत”: बाबूलाल मरांडी
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि पार्टी लोकतंत्र के उत्सव के बाद अब संगठन महापर्व में जुट गई है। उन्होंने बताया कि भले ही विधानसभा चुनावों में संख्या बल में भाजपा पीछे रह गई हो, लेकिनहै।

उन्होंने कहा, “चुनाव हमारे लिए एक पड़ाव है, लेकिन जनता के साथ हमारा संवाद निरंतर रहेगा। हमारी नीतियां और कार्यक्रम जनता तक बार-बार पहुंचेंगे।” उन्होंने संगठन महापर्व को भाजपा के विचार और दृष्टिकोण को मजबूत करने का सुनहरा अवसर बताया।

कार्यकारी अध्यक्ष डॉ. रविंद्र राय और क्षेत्रीय संगठन महामंत्री नागेंद्र त्रिपाठी ने अपने संबोधन में कहा कि भाजपा की विचारधारा भारतीय संस्कृति और मूल्यों से प्रेरित है। उन्होंने इसे समाजवाद, साम्यवाद और पूंजीवाद जैसे विदेशी विचारों से भिन्न बताते हुए पार्टी की जड़ों को और मजबूत करने की अपील की।

सदस्यता महापर्व: संगठन की नई दिशा
इस महापर्व के लिए पार्टी ने सभी स्तरों पर विस्तृत योजनाएं बनाई हैं। प्रदेश महामंत्री कर्मवीर सिंह ने पीपीटी प्रेजेंटेशन के माध्यम से सदस्यता अभियान की रणनीतियों को विस्तार से समझाया।

भाजपा की इस बड़ी पहल का उद्देश्य न केवल संगठन का विस्तार करना है, बल्कि झारखंड में अपने राजनीतिक प्रभाव को भी नई ऊर्जा देना है। यह स्पष्ट है कि भाजपा इस महापर्व को केवल एक कार्यक्रम के रूप में नहीं, बल्कि एक व्यापक संगठनात्मक आंदोलन के रूप में देख रही है।

 

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