द न्यूज़ पोस्ट4यू डेस्क.
गिरिडीह : केंद्र सरकार पर ईडी और सीबीआई जैसी केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का गंभीर आरोप लगाते हुए सोमवार को कांग्रेस पार्टी ने गिरिडीह जिला मुख्यालय में जोरदार प्रदर्शन किया। सैकड़ों पुरुष और महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा कार्यालय का घेराव कर केंद्र सरकार और भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस प्रदर्शन का नेतृत्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष सतीश केडिया ने किया।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा राजनीतिक द्वेष की भावना से प्रेरित होकर जांच एजेंसियों का इस्तेमाल विपक्षी नेताओं को डराने और दबाने के लिए कर रही है। कार्यकर्ताओं के हाथों में तख्तियां थीं और “तानाशाही नहीं चलेगी”, “ईडी-सीबीआई का दुरुपयोग बंद करो” जैसे नारे लगातार गूंजते रहे।
सभा को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष सतीश केडिया ने कहा कि भाजपा सरकार लोकतंत्र की आवाज को कुचलने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी और पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी को झूठे मामलों में फंसाकर परेशान किया जा रहा है, जो पूरी तरह राजनीतिक प्रतिशोध की कार्रवाई है।
केडिया ने कहा कि भाजपा सरकार विपक्ष की बढ़ती लोकप्रियता से घबराई हुई है। इसी डर के कारण वह केंद्रीय एजेंसियों के जरिए नेताओं को फंसाने का काम कर रही है। उन्होंने दो टूक कहा कि कांग्रेस पार्टी इस तानाशाही रवैये के खिलाफ सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष जारी रखेगी।
यदि जांच एजेंसियों का दुरुपयोग बंद नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शन में शामिल महिला कार्यकर्ताओं ने भी भाजपा सरकार पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने का आरोप लगाया और जांच एजेंसियों की निष्पक्षता बनाए रखने की मांग की। पूरे कार्यक्रम के दौरान प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए, जिससे प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
इधर, टावर चौक पर भी जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) का नाम बदले जाने के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया गया। बड़ी संख्या में महिला-पुरुष कार्यकर्ता “गांधी का नाम मिटाना बंद करो”, “गोडसेवाद मुर्दाबाद” जैसे नारे लगाते हुए शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए टावर चौक पहुंचे।
टावर चौक पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए सतीश केडिया ने कहा कि पहले गांधी जी की हत्या की गई और अब उनकी विचारधारा को मिटाने की साजिश रची जा रही है। उन्होंने कहा कि गोडसेवादी सोच यह भ्रम पाल रही है कि योजनाओं का नाम बदलकर गांधी के नाम को मिटाया जा सकता है, लेकिन यह उनकी सबसे बड़ी भूल है।
केडिया ने कहा कि महात्मा गांधी आज पूरी दुनिया के आदर्श हैं। सौ से अधिक देशों में उनकी प्रतिमाएं स्थापित हैं और दुनिया भर से भारत आने वाले राष्ट्राध्यक्ष सबसे पहले गांधी जी को नमन करते हैं। ऐसे में गांधी के नाम पर चल रही योजना का नाम बदलना गांधी के देश में अत्यंत घृणित और अपमानजनक प्रयास है, जिसे कांग्रेस पार्टी और देश कभी बर्दाश्त नहीं करेगा।
उन्होंने मनरेगा में प्रस्तावित बदलावों पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि 40 प्रतिशत राज्य और 60 प्रतिशत केंद्र के योगदान वाला मॉडल गरीब राज्यों को और गरीब करने की साजिश है, ताकि राज्य इस योजना को सही ढंग से चला न सकें और बड़े उद्योगपतियों को सस्ते मजदूर उपलब्ध कराए जा सकें।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि कांग्रेस पार्टी मजदूरों के हक की इस लड़ाई में मजबूती से खड़ी है।
इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से अशोक विश्वकर्मा, दिनेश विश्वकर्मा, मनोज राय, अभिनंदन प्रताप सिंह, निजामुद्दीन अंसारी, मोहम्मद निजामुद्दीन, धनंजय गोस्वामी, नागेश्वर मंडल, इतवारी वर्मा, गायत्री देवी, लक्ष्मी कुमारी, अशोक कुमार निराला, महेश प्रसाद, अरुण मंगल, प्रभात सिंह, मोहन साह, भोला यादव, यश सिन्हा, मोहम्मद सोहेल, सरफराज अंसारी, विनीत भास्कर, मोहम्मद आलम, अहमद राजा, नूरी जुनेद आलम, गुड्डू मलिक, जोगेश्वर महथा, पंकज सागर,







